By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
LokhitkrantiLokhitkrantiLokhitkranti
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Reading: Uttarkashi Tunnel Closure: उत्तरकाशी में विकास पर पर्यावरण भारी…. 14 किलोमीटर की सुरंगें बंद करने पर सरकार का बड़ा फैसला
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
Font ResizerAa
LokhitkrantiLokhitkranti
Search
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Have an existing account? Sign In
Follow US
Lokhitkranti > उत्तराखंड > Uttarkashi Tunnel Closure: उत्तरकाशी में विकास पर पर्यावरण भारी…. 14 किलोमीटर की सुरंगें बंद करने पर सरकार का बड़ा फैसला
उत्तराखंड

Uttarkashi Tunnel Closure: उत्तरकाशी में विकास पर पर्यावरण भारी…. 14 किलोमीटर की सुरंगें बंद करने पर सरकार का बड़ा फैसला

Manisha
Last updated: 2026-01-18 3:18 अपराह्न
Manisha Published 2026-01-18
Share
Uttarkashi Tunnel Closure
Uttarkashi Tunnel Closure: उत्तरकाशी में विकास पर पर्यावरण भारी.... 14 किलोमीटर की सुरंगें बंद करने पर सरकार का बड़ा फैसला
SHARE

Uttarkashi Tunnel Closure: उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन को लेकर एक ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है। भागीरथी नदी पर प्रस्तावित लोहारीनाग पाला जल विद्युत परियोजना के तहत बनाई गई 14 किलोमीटर लंबी सुरंगों को अब स्थायी रूप से बंद किया जा रहा है। खास बात यह है कि सरकार Uttarkashi Tunnel Closure काम पर करीब 52 करोड़ रुपये खर्च कर रही है, ताकि भविष्य में इन सुरंगों के जरिए नदी के प्राकृतिक प्रवाह से किसी तरह का छेड़छाड़ न हो सके।

Contents
2000 करोड़ की परियोजना, फिर भी लिया गया कड़ा फैसलाअब सुरंगों को भरने की शुरुआतस्वामी सानंद का संघर्ष बना प्रेरणास्थानीय लोगों का पुराना विरोधपर्यावरण संरक्षण को मिली प्राथमिकतागंगा की अविरलता की दिशा में बड़ा कदमभविष्य के लिए मिसाल

2000 करोड़ की परियोजना, फिर भी लिया गया कड़ा फैसला

लोहारीनाग पाला परियोजना को कभी उत्तराखंड की सबसे महत्वाकांक्षी जल विद्युत योजनाओं में गिना जाता था। इस परियोजना की क्षमता 600 मेगावाट तय की गई थी और साल 2006 में एनटीपीसी ने इसका निर्माण कार्य शुरू किया था। शुरुआती वर्षों में तेजी से काम हुआ और पहाड़ों को काटकर लंबी सुरंगें तैयार की गईं। लेकिन पर्यावरणीय चिंताओं और स्थानीय विरोध के चलते वर्ष 2010 में Uttarkashi Tunnel Closure परियोजना को रद्द करने का फैसला लिया गया। तब तक करीब 650 करोड़ रुपये खर्च हो चुके थे।

Har Ki Pauri: हर की पैड़ी पर लगे पोस्टर से भड़के ओवैसी,धामी सरकार पर साधा निशाना, जानिए क्या कहा?

अब सुरंगों को भरने की शुरुआत

परियोजना रद्द होने के बाद भी सुरंगें खुली पड़ी थीं, जिससे भविष्य में उनके दुरुपयोग की आशंका बनी हुई थी। इसी को ध्यान में रखते हुए अब सरकार ने इन्हें पूरी तरह बंद करने का निर्णय लिया है। भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (GSI) के वैज्ञानिकों की निगरानी में यह काम किया जा रहा है। पहले चरण में सुरंगों के भीतर जमा पानी और मलबा बाहर निकाला जा रहा है। इसके बाद विशेष प्रकार की मिट्टी और पत्थरों से इन्हें पूरी तरह भर दिया जाएगा।

Latest News Update Uttar Pradesh News,उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर

स्वामी सानंद का संघर्ष बना प्रेरणा

Uttarkashi Tunnel Closure फैसले के पीछे स्वामी ज्ञानस्वरूप सानंद, जिन्हें पहले प्रोफेसर जी.डी. अग्रवाल के नाम से जाना जाता था, का संघर्ष अहम माना जा रहा है। उन्होंने गंगा नदी की अविरलता को बनाए रखने के लिए लंबे समय तक आंदोलन किया और 111 दिनों का उपवास रखा। उनकी मुख्य मांग यही थी कि गंगा को सुरंगों में कैद न किया जाए। स्वामी सानंद का यह बलिदान देशभर में पर्यावरण संरक्षण की बहस को नई दिशा देने वाला साबित हुआ।

स्थानीय लोगों का पुराना विरोध

लोहारीनाग पाला परियोजना के खिलाफ स्थानीय लोगों का विरोध साल 2008-09 से ही शुरू हो गया था। ग्रामीणों और पर्यावरण कार्यकर्ताओं का कहना था कि हिमालय का यह क्षेत्र भूगर्भीय रूप से बेहद संवेदनशील है। बड़े पैमाने पर सुरंग निर्माण से भूस्खलन, जलस्रोतों के सूखने और आपदाओं का खतरा बढ़ सकता है। धराली जैसी आपदाओं ने इन आशंकाओं को और मजबूत कर दिया।

उत्तराखंड की बड़ी खबर देखने के लिये क्लिक करे

पर्यावरण संरक्षण को मिली प्राथमिकता

आर्थिक दृष्टि से देखें तो Uttarkashi Tunnel Closure  यह फैसला सरकार के लिए घाटे का सौदा माना जा सकता है। एक तरफ 2000 करोड़ रुपये की परियोजना रद्द हुई, दूसरी ओर अब बने ढांचे को हटाने के लिए भी करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इसके बावजूद सरकार ने यह स्पष्ट संदेश दिया है कि पर्यावरण और नदी की सुरक्षा आर्थिक लाभ से अधिक महत्वपूर्ण है। यह निर्णय विकास की परिभाषा पर भी नए सिरे से सोचने को मजबूर करता है।

Latest News Update Uttar Pradesh News,उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर

गंगा की अविरलता की दिशा में बड़ा कदम

भागीरथी, जो आगे चलकर गंगा कहलाती है, केवल एक नदी नहीं बल्कि करोड़ों लोगों की आस्था और जीवनरेखा है। इसकी प्राकृतिक धारा को बनाए रखना लंबे समय से एक बड़ा मुद्दा रहा है। Uttarkashi Tunnel Closure  की सुरंगों को बंद करना गंगा की अविरलता को सुनिश्चित करने की दिशा में एक ठोस कदम माना जा रहा है।

भविष्य के लिए मिसाल

Uttarkashi Tunnel Closure का यह फैसला आने वाले समय में अन्य परियोजनाओं के लिए भी एक मिसाल बन सकता है। यह दिखाता है कि यदि जनआंदोलन, वैज्ञानिक चेतावनी और राजनीतिक इच्छाशक्ति एक साथ आएं, तो पर्यावरण को बचाने के लिए बड़े फैसले लिए जा सकते हैं। लोहारीनाग पाला परियोजना का अंत और सुरंगों का स्थायी बंद होना हिमालयी क्षेत्र में सतत विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण संदेश देता है।

पढ़े ताजा अपडेट:  Hindi News, Today Hindi News, Breaking News

You Might Also Like

NEET Re-Exam Uttarakhand: 21 हजार से अधिक अभ्यर्थी देंगे परीक्षा, सरकार ने की फ्री बस सेवा और कड़ी सुरक्षा व्यवस्था

Haridwar Land Purchase Scam: धामी सरकार का बड़ा एक्शन, भूमि खरीद मामले में जिम्मेदार अधिकारियों पर गिरी गाज

Uttarakhand Mining Revenue Record: कोसी और दाबका नदी से सरकार की झोली में आए 9.79 करोड़ रुपये, 46 फीसदी बढ़ी आमदनी

Uttarakhand Heatwave Update: पहाड़ से मैदान तक गर्मी का कहर, हल्द्वानी में 39 डिग्री पहुंचा पारा, 25 जून तक राहत के आसार नहीं!

धारी देवी दर्शन से लौटते समय हादसा, Bungee Jumping Death Case ने छीनी 21 वर्षीय छात्र की जिंदगी, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार

TAGGED:cancelled hydropower projectganga aviralta decisionGanga conservationhimalayan ecology protectionLoharinag Pala projectswami sanand sacrificetunnel closureUttarakhand environmentUttarkashi hydropoweruttarkashi tunnel filling
Share This Article
Facebook Twitter Email Print
Leave a comment

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
TwitterFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
Nagpur IAF Wife Abuse Case में वायुसेना अधिकारी की पत्नी से कथित दुष्कर्म, ब्लैकमेल और जबरन धर्मांतरण का मामला
राष्ट्रीय

Nagpur IAF Wife Abuse Case: होटल में नशीला जूस, अश्लील वीडियो और धर्मांतरण का दबाव: IAF अफसर की पत्नी ने सुनाई खौफनाक आपबीती

Gajendra Singh Tanwar Gajendra Singh Tanwar 2026-06-16
Paltan Bazaar Fire: देहरादून के ऐतिहासिक पलटन बाजार में भीषण अग्निकांड, साड़ी और लहंगा शोरूम जलकर खाक
Sanchita Ugale Suicide Case: संचिता उगले केस में नया ट्विस्ट! मौत के बाद वायरल हुईं चैट्स ने बढ़ाई हलचल
West Bengal News: PM मोदी की यात्रा से पहले तारकनाथ मंदिर का मेकओवर, बदला गया पूरा रंग-रूप
Uttarakhand Water Disaster: पिघलते ग्लेशियरों ने बढ़ाई चिंता, उत्तराखंड में मंडरा रहा नई जल आपदा का खतरा
- Advertisement -
Ad imageAd image

Categories

  • ताज़ा खबरे
  • बॉलीवुड
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • धर्म कर्म
  • वायरल
  • बिज़नेस

About US

लोकहित क्रांति न्यूज़ एक निष्पक्ष, विश्वसनीय और जनहित को समर्पित डिजिटल समाचार मंच है। हमारा उद्देश्य देश–दुनिया की ताज़ा, सटीक और प्रमाणिक ख़बरें आप तक तेज़ी से पहुँचाना है।
Quick Link
  • About Us
  • Terms and Condition
  • DNPA Code of Ethics
Must Read
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Grievance Redressal Policy

Subscribe US

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Copyrights © Lokhit Kranti. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?