विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेले और कांवड़ यात्रा 2026 के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए बिहार के बांका जिले में एक नई पहल शुरू की गई है। Jeevika Didi Ki Rasoi के माध्यम से पहली बार कांवड़िया पथ पर कांवड़ियों को स्वच्छ, पौष्टिक और किफायती भोजन उपलब्ध कराया जाएगा। जिला प्रशासन और जीविका समूह के संयुक्त प्रयास से यह व्यवस्था लागू की गई है, जिससे हजारों श्रद्धालुओं को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। ये Rasoi न केवल यात्रियों को बेहतर भोजन उपलब्ध कराएगी, बल्कि महिला स्वयं सहायता समूहों को रोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में भी मजबूत करेगी।
13 केंद्रों से मिलेगी भोजन सुविधा
इस वर्ष श्रावणी मेले में Jeevika Didi Ki Rasoi को विशेष रूप से कांवड़िया पथ के 13 प्रमुख स्थानों पर संचालित किया जा रहा है। इन केंद्रों पर जीविका समूह से जुड़ी महिलाएं भोजन तैयार करेंगी और श्रद्धालुओं को निर्धारित दर पर उपलब्ध कराएंगी।
जिला प्रशासन का उद्देश्य है कि लंबी दूरी तय कर आने वाले कांवड़ियों को साफ-सुथरा और गुणवत्तापूर्ण भोजन मिल सके। इसी कारण Jeevika Didi Ki Rasoi के सभी केंद्रों पर स्वच्छता, गुणवत्ता और सेवा के मानकों का विशेष ध्यान रखा जाएगा।
Jeevika Didi Ki Rasoi में मात्र ₹80 में मिलेगी पूरी थाली
श्रद्धालुओं के लिए Jeevika Didi Ki Rasoi में केवल ₹80 में पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जाएगा। थाली में चावल, दाल, सब्जी, भुजिया, पापड़ और आचार शामिल होंगे। इसके अलावा रोटी, दाल, सब्जी और भुजिया वाली थाली का विकल्प भी उपलब्ध रहेगा।
श्रावणी मेले में अक्सर भोजन की गुणवत्ता और कीमत को लेकर शिकायतें सामने आती हैं। ऐसे में Jeevika Didi Ki Rasoi की यह पहल श्रद्धालुओं के लिए बड़ी राहत मानी जा रही है। निर्धारित मूल्य पर गुणवत्तापूर्ण भोजन मिलने से यात्रियों को आर्थिक और स्वास्थ्य दोनों दृष्टि से लाभ होगा।
इस Rasoi से महिलाओं को मिलेगा रोजगार
इस पहल का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य महिला स्वयं सहायता समूहों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना भी है। Jeevika Didi Ki Rasoi के संचालन की जिम्मेदारी जीविका समूह से जुड़ी महिलाओं को दी गई है, जिससे उनकी आय में वृद्धि होगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की योजनाएं महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने में अहम भूमिका निभाती हैं। Didi Ki Rasoi के माध्यम से महिलाएं न केवल आय अर्जित करेंगी, बल्कि बड़े आयोजन के संचालन का अनुभव भी प्राप्त करेंगी।
Jeevika Didi Ki Rasoi का अधिकारियों ने किया निरीक्षण
श्रावणी मेले की तैयारियों के बीच जीविका के जिला प्रबंधक राकेश कुमार ने मंगलवार को Jeevika Didi Ki Rasoi केंद्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने सभी संचालकों को भोजन की गुणवत्ता बनाए रखने और श्रद्धालुओं की सुविधा का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई, खाद्य सामग्री की गुणवत्ता और भोजन वितरण की व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने कहा कि Didi Ki Rasoi की सफलता श्रद्धालुओं की संतुष्टि और सेवा की गुणवत्ता पर निर्भर करेगी।
Jeevika Didi Ki Rasoi से श्रावणी मेले को मिलेगी नई पहचान
हर वर्ष लाखों श्रद्धालु श्रावणी मेले में भाग लेने के लिए बिहार पहुंचते हैं। ऐसे में Jeevika Didi Ki Rasoi जैसी पहल न केवल श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं प्रदान करेगी, बल्कि मेले की व्यवस्थाओं को भी अधिक व्यवस्थित बनाएगी।
स्थानीय लोगों का मानना है कि यह योजना आने वाले वर्षों में भी जारी रहनी चाहिए। Jeevika Didi Ki Rasoi से जहां कांवड़ियों को सस्ता और पौष्टिक भोजन मिलेगा, वहीं महिला समूहों को आर्थिक रूप से मजबूत होने का अवसर भी प्राप्त होगा। इससे धार्मिक आयोजन और सामाजिक सशक्तिकरण का अनूठा संगम देखने को मिलेगा।
श्रावणी मेले में शुरू की गई Jeevika Didi Ki Rasoi पहल को श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। प्रशासन को उम्मीद है कि यह व्यवस्था कांवड़ यात्रा 2026 को अधिक सुविधाजनक और सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
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