By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
LokhitkrantiLokhitkrantiLokhitkranti
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Reading: PM Modi Netherland Visit: पीएम मोदी के विजन को मिला वैश्विक समर्थन, कल्पसर परियोजना में डच एंट्री
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
Font ResizerAa
LokhitkrantiLokhitkranti
Search
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Have an existing account? Sign In
Follow US
Lokhitkranti > राष्ट्रीय > PM Modi Netherland Visit: पीएम मोदी के विजन को मिला वैश्विक समर्थन, कल्पसर परियोजना में डच एंट्री
राष्ट्रीय

PM Modi Netherland Visit: पीएम मोदी के विजन को मिला वैश्विक समर्थन, कल्पसर परियोजना में डच एंट्री

ShreeJi
Last updated: 2026-05-18 2:05 अपराह्न
ShreeJi Published 2026-05-18
Share
Kalpasar Project
SHARE

Kalpasar Project: गुजरात की दशकों पुरानी महत्वाकांक्षी कल्पसर परियोजना (Kalpasar Project) अब तेजी से सुर्खियों में है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नीदरलैंड दौरे ने इस परियोजना को नई रफ्तार देने का काम किया है। समुद्र में विशाल बांध निर्माण और जल प्रबंधन की आधुनिक तकनीक के लिए मशहूर नीदरलैंड अब गुजरात के साथ मिलकर काम करेगा। इससे राज्य की जल सुरक्षा, सिंचाई और ऊर्जा क्षेत्र में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।

Contents
क्या है कल्पसर परियोजना?नीदरलैंड क्यों बना सबसे बड़ा साझेदार?गुजरात को कैसे मिलेगा सबसे बड़ा फायदा?ऊर्जा और पर्यटन का नया हब बनेगा गुजरातपीएम मोदी क्यों हैं बेहद गंभीर?

क्या है कल्पसर परियोजना?

कल्पसर परियोजना (Kalpasar Project) गुजरात के खंभात की खाड़ी में एक विशाल बांध बनाने की योजना है। इसका उद्देश्य समुद्र में बहने वाली सात नदियों के पानी को रोककर मीठे पानी का विशाल जलाशय तैयार करना है। यह परियोजना सिर्फ पानी बचाने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें सिंचाई, परिवहन, पवन ऊर्जा, सौर ऊर्जा और मत्स्य पालन को भी शामिल किया गया है।

इस परियोजना की कल्पना पहली बार तब की गई थी जब नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे। वर्षों की तकनीकी चुनौतियों और पर्यावरणीय जटिलताओं के बावजूद यह योजना लगातार आगे बढ़ रही है।

Read : जंग, तेल संकट और कूटनीति… दुनिया को नया रास्ता दिखा रहे पीएम मोदी

नीदरलैंड क्यों बना सबसे बड़ा साझेदार?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नीदरलैंड की विश्व प्रसिद्ध जल प्रबंधन संरचना अफस्लुइटडिज्क का दौरा किया। यह 32 किलोमीटर लंबा बैरियर डैम समुद्र के खारे पानी को रोककर मीठे पानी का विशाल भंडार तैयार करता है। यही मॉडल अब गुजरात के कल्पसर परियोजना (Kalpasar Project) के लिए प्रेरणा बन रहा है।

भारत और नीदरलैंड के बीच जल प्रबंधन और तकनीकी सहयोग को लेकर समझौता होने के बाद अब इस परियोजना में आधुनिक डच इंजीनियरिंग का इस्तेमाल किया जाएगा। समुद्र में बांध निर्माण के क्षेत्र में नीदरलैंड को दुनिया का सबसे अनुभवी देश माना जाता है।

Latest News Update Uttar Pradesh News, उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर

गुजरात को कैसे मिलेगा सबसे बड़ा फायदा?

अगर कल्पसर परियोजना (Kalpasar Project) सफल होता है, तो सौराष्ट्र के 9 जिलों और 42 तहसीलों को सिंचाई का लाभ मिलेगा। करीब 10 लाख हेक्टेयर भूमि को पानी उपलब्ध कराया जा सकेगा। इससे सूखा प्रभावित इलाकों की तस्वीर बदल सकती है। इतना ही नहीं, दक्षिण गुजरात और सौराष्ट्र के बीच की दूरी भी काफी कम हो जाएगी। जहां अभी लगभग 240 किलोमीटर का सफर तय करना पड़ता है, वहीं परियोजना पूरी होने के बाद यह दूरी लगभग 60 किलोमीटर रह जाएगी। इससे व्यापार और परिवहन को भी जबरदस्त फायदा होगा।

Also Read : ‘रॉयल ऑर्डर ऑफ पोलर स्टार’ से सम्मानित हुए PM मोदी, वैश्विक मंच पर भारत की धाक

ऊर्जा और पर्यटन का नया हब बनेगा गुजरात

कल्पसर परियोजना (Kalpasar Project) केवल जल संरक्षण योजना नहीं है। इससे लगभग 1500 मेगावाट पवन ऊर्जा और 1000 मेगावाट सौर ऊर्जा उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा मत्स्य पालन और पर्यटन उद्योग को भी नई पहचान मिलेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह परियोजना गुजरात को जल संकट से बाहर निकालने के साथ-साथ आर्थिक रूप से भी मजबूत बनाएगी। यही वजह है कि केंद्र और राज्य सरकार दोनों इस परियोजना को प्राथमिकता दे रहे हैं।

Also Read : ‘रॉयल ऑर्डर ऑफ पोलर स्टार’ से सम्मानित हुए PM मोदी, वैश्विक मंच पर भारत की धाक

पीएम मोदी क्यों हैं बेहद गंभीर?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लंबे समय से कल्पसर परियोजना (Kalpasar Project) को गुजरात के भविष्य से जोड़कर देखते रहे हैं। सरदार सरोवर परियोजना की तरह ही इसे भी राज्य की जल क्रांति का अगला बड़ा कदम माना जा रहा है। हालिया नीदरलैंड दौरे और तकनीकी सहयोग समझौते ने साफ कर दिया है कि केंद्र सरकार अब इस परियोजना को जमीन पर उतारने के लिए पूरी ताकत लगा रही है। आने वाले वर्षों में यह परियोजना भारत की सबसे बड़ी जल प्रबंधन योजनाओं में शामिल हो सकती है।

पढ़े ताजा अपडेट : Hindi News, Today Hindi News, Breaking

You Might Also Like

India Japan Summit 2026: ‘छोटी बहन’ कहकर मोदी ने जीता दिल, भारत-जापान के बीच हुए बड़े समझौते

Japan PM India Visit: PM Modi और जापानी PM ताकाइची आज करेंगे ₹35,000 करोड़ के मेगा मारुति प्लांट का उद्घाटन

PM Modi Australia Visit 2026: PM मोदी के ऑस्ट्रेलिया दौरे को लेकर जबरदस्त उत्साह, मेलबर्न में बनेगा नया रिकॉर्ड

RSS Meeting 2026: RSS की अहम बैठक में संगठन से लेकर युवाओं तक, कई बड़े मुद्दों पर होगा मंथन

Doctors Day 2026: पीएम मोदी ने डॉक्टर्स डे और सीए डे पर देश के डॉक्टरों और CA को दीं शुभकामनाएं

TAGGED:Afsluitdijk DamDutch EngineeringGujarat Mega ProjectGujarat Water SecurityKalpasar ProjectKhambhat Gulf ProjectNarendra ModiNetherlands Water TechnologyRenewable Energy Gujaratwater management India
Share This Article
Facebook Twitter Email Print
Leave a comment

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
TwitterFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
Bharat Tiwari Encounter Case
बिहार

Bharat Tiwari Encounter: भरत तिवारी एनकाउंटर केस में बड़ा ट्विस्ट, FIR के 7 दिन बाद आरोपी SDOP को नई पोस्टिंग

Rupam Rupam 2026-07-01
E-Newspaper 29/06/2026
WhatsApp News: WhatsApp के नए Username फीचर पर ब्रेक, सरकार की आपत्ति के बाद मेटा की सफाई
Ghaziabad News: गाजियाबाद में अजीबोगरीब घटना! मृत समझकर किए गए अंतिम संस्कार के 39 दिन बाद युवक जिंदा घर लौटा
Uttarakhand Weather Update: अगले चार दिन पहाड़ों में भारी बारिश, लोगों से सतर्क रहने की अपील
- Advertisement -
Ad imageAd image

Categories

  • ताज़ा खबरे
  • बॉलीवुड
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • धर्म कर्म
  • वायरल
  • बिज़नेस

About US

लोकहित क्रांति न्यूज़ एक निष्पक्ष, विश्वसनीय और जनहित को समर्पित डिजिटल समाचार मंच है। हमारा उद्देश्य देश–दुनिया की ताज़ा, सटीक और प्रमाणिक ख़बरें आप तक तेज़ी से पहुँचाना है।
Quick Link
  • About Us
  • Terms and Condition
  • DNPA Code of Ethics
Must Read
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Grievance Redressal Policy

Subscribe US

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Copyrights © Lokhit Kranti. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?