By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
LokhitkrantiLokhitkrantiLokhitkranti
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Reading: Mahakumbh Stampede: महाकुंभ भगदड़ में हाईकोर्ट की फटकार! सरकार को मिला 30 दिन का अल्टीमेटम
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
Font ResizerAa
LokhitkrantiLokhitkranti
Search
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Have an existing account? Sign In
Follow US
Lokhitkranti > Blog > उत्तर प्रदेश > Mahakumbh Stampede: महाकुंभ भगदड़ में हाईकोर्ट की फटकार! सरकार को मिला 30 दिन का अल्टीमेटम
उत्तर प्रदेश

Mahakumbh Stampede: महाकुंभ भगदड़ में हाईकोर्ट की फटकार! सरकार को मिला 30 दिन का अल्टीमेटम

Kannu
Last updated: 2026-01-29 12:23 पूर्वाह्न
Kannu Published 2026-01-29
Share
Mahakumbh 2025 Stampede Compensation
Mahakumbh Stampede: महाकुंभ भगदड़ में हाईकोर्ट की फटकार! सरकार को मिला 30 दिन का अल्टीमेटम
SHARE

Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: महाकुंभ 2025 में संगम क्षेत्र में हुई दर्दनाक भगदड़ के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को कड़ा निर्देश दिया है। कोर्ट ने साफ कहा कि पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने में अब और देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जांच आयोग की रिपोर्ट आने तक मुआवजा रोकना कोई बहाना नहीं है।

Contents
Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: पीड़ित पति को 30 दिन में मुआवजा देने का आदेशMahakumbh 2025 Stampede Compensation: पूरा मामला क्या है?Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: हाईकोर्ट ने क्या कहा?Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: सरकार की दलील पर नाराजगीMahakumbh 2025 Stampede Compensation: पहले भी जताई जा चुकी है नाराजगीMahakumbh 2025 Stampede Compensation: कोर्ट का सख्त संदेशMahakumbh 2025 Stampede Compensation: पीड़ित परिवारों के लिए राहत

Also Read: अचानक बदला बरेली का सिटी मजिस्ट्रेट! अलंकार अग्निहोत्री की छुट्टी के बाद राम जन्म यादव को मिली बड़ी जिम्मेदारी

Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: पीड़ित पति को 30 दिन में मुआवजा देने का आदेश

कोर्ट ने भगदड़ में जान गंवाने वाली महिला के पति को 30 दिन के भीतर मुआवजा देने का आदेश जारी किया। अदालत ने चेतावनी दी कि यदि आदेश का पालन नहीं हुआ, तो कार्रवाई गंभीर स्तर पर की जाएगी। यह फैसला पीड़ित परिवारों के लिए राहत की खबर है।

Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: पूरा मामला क्या है?

29 जनवरी 2025 को संगम क्षेत्र में भारी भीड़ जमा हुई थी। अचानक अफरा-तफरी मची और भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। इस हादसे में करीब 30 श्रद्धालुओं की मौत हुई। भगदड़ में जान गंवाने वाली महिला के पति ने समय रहते मुआवजे की मांग की, लेकिन उन्हें कोई राहत नहीं मिली। इस पर उन्होंने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया।

Latest News Update Uttar Pradesh News, उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर

Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: हाईकोर्ट ने क्या कहा?

सुनवाई की खंडपीठ में न्यायमूर्ति अजीत कुमार और न्यायमूर्ति स्वरूपमा चतुर्वेदी शामिल थे। अदालत ने राज्य सरकार को निर्देश दिए कि-

● मृतका के पति का मुआवजा 30 दिनों के भीतर दिया जाए

● मुआवजे का भुगतान तय समय में सुनिश्चित किया जाए

● अगली सुनवाई तक अनुपालन हलफनामा दाखिल किया जाए

कोर्ट ने स्पष्ट किया कि जांच आयोग की रिपोर्ट का इंतजार करना मुआवजा रोकने का कारण नहीं बन सकता।

Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: सरकार की दलील पर नाराजगी

सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से कहा गया कि जांच आयोग के बयान लेने और अन्य प्रक्रियाओं के कारण मुआवजे में देरी हुई। लेकिन हाईकोर्ट इस तर्क से संतुष्ट नहीं हुई। कोर्ट ने कहा कि पहले ही 6 जून 2025 को विस्तृत निर्देश दिए जा चुके थे और अधिकारियों को व्यक्तिगत हलफनामा दाखिल करने को कहा गया था।

Read More: अजित पवार के निधन पर यूपी की राजनीति स्तब्ध, CM योगी, अखिलेश और मायावती ने जताया शोक

Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: पहले भी जताई जा चुकी है नाराजगी

6 जून 2025 को हाईकोर्ट ने सरकार के रवैये पर पहले ही नाराजगी जताई थी। अदालत ने कहा था कि मुआवजा देने में देरी अस्वीकार्य है और यह नागरिकों की पीड़ा के प्रति उदासीनता को दर्शाता है।

Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: कोर्ट का सख्त संदेश

9 जनवरी 2026 की सुनवाई में हाईकोर्ट ने साफ कहा कि इस स्तर पर पीड़ित का मुआवजा लंबित रखना उचित नहीं है। कोर्ट ने मेला प्राधिकरण और जांच आयोग को आदेश दिया कि 30 दिन के भीतर मुआवजा दावे पर अंतिम निर्णय लिया जाए और अगली सुनवाई तक अनुपालन हलफनामा दाखिल किया जाए।

Mahakumbh 2025 Stampede Compensation: पीड़ित परिवारों के लिए राहत

इस आदेश के बाद भगदड़ के पीड़ित परिवारों को बड़ी राहत मिली है। अदालत ने स्पष्ट कर दिया कि प्रशासनिक देरी या जांच का बहाना बनाकर पीड़ितों को लंबे समय तक इंतजार नहीं कराया जा सकता। यह आदेश सरकार के लिए भी चेतावनी है कि पीड़ितों को समय पर सम्मानजनक राहत देना उनकी जिम्मेदारी है।

महाकुंभ भगदड़ में पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए हाईकोर्ट ने स्पष्ट संदेश दिया है। यह आदेश सिर्फ एक परिवार के लिए नहीं, बल्कि पूरे प्रशासन और राज्य सरकार के लिए एक सख्त चेतावनी भी है। अब आगे सरकार को यह सुनिश्चित करना होगा कि पीड़ितों को समय पर मुआवजा मिले और ऐसी घटनाओं में प्रशासनिक देरी का बहाना न चले।

पढ़े ताजा अपडेट : Hindi News, Today Hindi News, Breaking

You Might Also Like

UP Gold Rates Today: सोने की कीमतें बढ़ीं या घटी? यूपी के बड़े शहरों में रेट्स का चौंकाने वाला हाल

Lucknow News: दहेज न मिला तो तीन तलाक!मशहूर शायर मुनव्वर राणा की बेटी हिबा राणा का गंभीर आरोप

UP Encounter News: 21 क्राइम केस, करोड़ों की सुपारी और आखिरी मुठभेड़… कौन था बनारसी यादव?

UP Ghaziabad News: प्राची बॉस थी… फिर क्यों कूद गईं तीनों? गाजियाबाद केस में रूह कंपाने वाले खुलासे

UP News: निवेशकों को योगी सरकार की गारंटी, अपराध करेगा तो पुलिस देगी सीधा जवाब

TAGGED:Breaking News IndiaCompensationDisaster ReliefGovernment OrderHigh CourtMahakumbh 2025Prayagraj NewsStampedeUttar Pradesh
Share This Article
Facebook Twitter Email Print
Leave a comment

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
TwitterFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
Untitled design 20260201 231149 0000
E-paper

E-Newspaper 02/02/2026

ShreeJi ShreeJi 2026-02-01
India Stonemart 2026: इंडिया स्टोनमार्ट 2026 की तैयारियां तेज़, जेईसीसी में एसीएस शिखर अग्रवाल ने लिया व्यवस्थाओं का जायजा
Dalai Lama Grammy Award Win: 90 की उम्र में ग्रैमी जीतकर दलाई लामा ने रचा इतिहास, दी पहली प्रतिक्रिया
UP Ghaziabad News: 5 महीने की सैलरी बनी मौत की वजह! गाजियाबाद में ऑफिस के अंदर महिला कर्मी ने लगाई फांसी
Ramashray Ward Rajasthan: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की मानवीय पहल, रामाश्रय वार्ड बने बुजुर्गों के लिए स्वास्थ्य और सम्मान की ढाल
- Advertisement -
Ad imageAd image

Categories

  • ताज़ा खबरे
  • बॉलीवुड
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • धर्म कर्म
  • वायरल
  • बिज़नेस

About US

लोकहित क्रांति न्यूज़ एक निष्पक्ष, विश्वसनीय और जनहित को समर्पित डिजिटल समाचार मंच है। हमारा उद्देश्य देश–दुनिया की ताज़ा, सटीक और प्रमाणिक ख़बरें आप तक तेज़ी से पहुँचाना है।
Quick Link
  • About Us
  • Contact Us
  • Terms and Condition
  • DNPA Code of Ethics
Must Read
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Grievance Redressal Policy

Subscribe US

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Copyrights © Lokhit Kranti. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?