By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
LokhitkrantiLokhitkrantiLokhitkranti
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Reading: Uttarakhand Cancer: उत्तराखंड में कैंसर के बढ़ते मामले बने चिंता का विषय, अधिसूचित रोग घोषित करने की तैयारी
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
Font ResizerAa
LokhitkrantiLokhitkranti
Search
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Have an existing account? Sign In
Follow US
Lokhitkranti > Blog > उत्तराखंड > Uttarakhand Cancer: उत्तराखंड में कैंसर के बढ़ते मामले बने चिंता का विषय, अधिसूचित रोग घोषित करने की तैयारी
उत्तराखंडहेल्थ

Uttarakhand Cancer: उत्तराखंड में कैंसर के बढ़ते मामले बने चिंता का विषय, अधिसूचित रोग घोषित करने की तैयारी

Manisha
Last updated: 2026-02-04 8:37 पूर्वाह्न
Manisha Published 2026-02-04
Share
Uttarakhand Cancer
Uttarakhand Cancer: उत्तराखंड में कैंसर के बढ़ते मामले बने चिंता का विषय, अधिसूचित रोग घोषित करने की तैयारी
SHARE

Uttarakhand Cancer: कैंसर का नाम सुनते ही आमतौर पर लोगों के मन में डर और असहजता पैदा हो जाती है। यह बीमारी न केवल जानलेवा मानी जाती है, बल्कि समय पर पहचान और इलाज न होने पर इसके परिणाम बेहद गंभीर हो सकते हैं। यही कारण है कि हर साल 4 फरवरी को विश्व कैंसर दिवस मनाकर लोगों को इस बीमारी के प्रति जागरूक किया जाता है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि कैंसर की पहचान शुरुआती चरण में हो जाए, तो इलाज की संभावना काफी बढ़ जाती है।

Contents
उत्तराखंड में तेजी से बढ़ रहे कैंसर के मामलेगैर-संक्रामक रोगों में कैंसर सबसे खतरनाकसटीक आंकड़ों की कमी बनी बड़ी चुनौतीतीन प्रमुख कैंसर की हो रही स्क्रीनिंगदून मेडिकल कॉलेज में बढ़ता मरीजों का दबावUttarakhand Cancer को अधिसूचित रोग बनाने पर सरकार का जोरमहिलाओं में स्तन और सर्वाइकल कैंसर के ज्यादा मामलेलाइफस्टाइल बना कैंसर का बड़ा कारणजागरूकता ही है सबसे बड़ा बचाव

उत्तराखंड में तेजी से बढ़ रहे कैंसर के मामले

उत्तराखंड में बीते कुछ वर्षों के दौरान कैंसर मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा देखने को मिला है। खासतौर पर पर्वतीय और दूरस्थ इलाकों से आने वाले मरीजों में यह Uttarakhand Cancer अधिक गंभीर रूप में सामने आ रही है। कई मरीज तब अस्पताल पहुंचते हैं, जब कैंसर दूसरे या तीसरे चरण में पहुंच चुका होता है, जिससे इलाज चुनौतीपूर्ण हो जाता है।

READ MORE: उत्तराखंड के 37 बॉर्डरों से वसूला जाएगा ग्रीन सेस, चारधाम यात्रा से पहले एक्टिव होंगे 150 ANPR कैमरे

Uttarakhand Cancer के मामलों को देखते हुए राज्य सरकार अब इस बीमारी को अधिसूचित रोग (Notified Disease) घोषित करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। इसका उद्देश्य यह है कि सरकारी और निजी सभी स्वास्थ्य संस्थानों से कैंसर मरीजों से जुड़ा सटीक डेटा स्वास्थ्य विभाग के पास उपलब्ध हो सके।

गैर-संक्रामक रोगों में कैंसर सबसे खतरनाक

वर्तमान समय में गैर-संक्रामक रोग यानी नॉन कम्युनिकेबल डिजीज (NCD) सबसे ज्यादा मौतों का कारण बन रहे हैं। आंकड़ों के अनुसार, कुल मौतों में लगभग 63 प्रतिशत मौतें NCDs की वजह से होती हैं, जिनमें से करीब 9 प्रतिशत मौतें कैंसर के कारण होती हैं। इसी को देखते हुए केंद्र और राज्य सरकारें कैंसर की रोकथाम और जागरूकता पर विशेष ध्यान दे रही हैं।

Uttarakhand Cancer
Uttarakhand Cancer

सटीक आंकड़ों की कमी बनी बड़ी चुनौती

Uttarakhand Cancer अब तक अधिसूचित रोग नहीं होने के कारण स्वास्थ्य विभाग के पास मरीजों की पूरी और सटीक जानकारी उपलब्ध नहीं है। हालांकि, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के तहत 30 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों की कम्युनिटी बेस्ड स्क्रीनिंग की जा रही है, ताकि बीमारी को समय रहते पहचाना जा सके।

READ: देहरादून में बढ़ते अपराध पर सख्त हुए सीएम धामी, कानून व्यवस्था से समझौते पर दी ‘जीरो टॉलरेंस’ की चेतावनी

तीन प्रमुख कैंसर की हो रही स्क्रीनिंग

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत राज्य के 1,554 आरोग्य मंदिरों में ओरल कैंसर, ब्रेस्ट कैंसर और सर्वाइकल कैंसर की जांच की जा रही है।

  • ओरल कैंसर के लिए लगभग 41 लाख से अधिक लोगों की स्क्रीनिंग का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें से अब तक 30 लाख से ज्यादा लोगों की जांच हो चुकी है। इसमें 124 मामलों में कैंसर की पुष्टि हुई है।
  • ब्रेस्ट कैंसर की जांच के दौरान लगभग 15 लाख महिलाओं की स्क्रीनिंग की गई, जिसमें 30 महिलाओं में कैंसर पाया गया।
  • सर्वाइकल कैंसर की स्क्रीनिंग में भी 30 महिलाओं में कैंसर की पुष्टि हुई है।

दून मेडिकल कॉलेज में बढ़ता मरीजों का दबाव

राजकीय दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल, देहरादून के रेडिएशन ऑन्कोलॉजी विभाग के अनुसार, यहां कैंसर मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। पिछले पांच वर्षों में ओपीडी में 15 हजार से अधिक मरीज आए, जबकि तीन हजार से ज्यादा मरीजों को भर्ती कर इलाज किया गया।

Latest News Update Uttar Pradesh News, उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर

Uttarakhand Cancer को अधिसूचित रोग बनाने पर सरकार का जोर

स्वास्थ्य सचिव सचिन कुर्वे के अनुसार, कैंसर को अधिसूचित रोग घोषित करने की प्रक्रिया जल्द पूरी की जाएगी। इससे राज्य में कैंसर की वास्तविक स्थिति सामने आएगी और बेहतर स्वास्थ्य नीतियां बनाई जा सकेंगी। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की एक टीम टाटा कैंसर इंस्टीट्यूट और नेशनल कैंसर इंस्टीट्यूट का अध्ययन करेगी, ताकि वहां विकसित सुविधाओं को उत्तराखंड में पीपीपी मॉडल के जरिए लागू किया जा सके।

महिलाओं में स्तन और सर्वाइकल कैंसर के ज्यादा मामले

दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल के विशेषज्ञों के अनुसार, महिलाओं में स्तन और सर्वाइकल कैंसर के मामले सबसे अधिक सामने आ रहे हैं। पर्वतीय क्षेत्रों में जागरूकता की कमी इसकी एक बड़ी वजह मानी जा रही है। वहीं पुरुषों में मुंह, गला, फेफड़े और प्रोस्टेट कैंसर के मामले ज्यादा देखे जा रहे हैं।

उत्तराखंड की बड़ी खबर देखने के लिये क्लिक करे

लाइफस्टाइल बना कैंसर का बड़ा कारण

Uttarakhand Cancer विशेषज्ञों का कहना है कि बदलती जीवनशैली, फास्ट फूड का बढ़ता सेवन, तंबाकू, शराब और धूम्रपान जैसी आदतें कैंसर के मामलों में वृद्धि का मुख्य कारण बन रही हैं। अब 40 से 60 वर्ष की उम्र के लोगों में भी कैंसर तेजी से सामने आ रहा है, जिसे ‘कैंसर ऑफ द यंग’ कहा जा रहा है।

जागरूकता ही है सबसे बड़ा बचाव

विशेषज्ञों का मानना है कि समय पर जांच, सही जानकारी और जागरूकता के जरिए कैंसर से होने वाली मौतों को काफी हद तक कम किया जा सकता है। सरकार और स्वास्थ्य विभाग की कोशिश है कि जल्द से जल्द कैंसर को अधिसूचित रोग बनाकर इस दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं।

पढ़े ताजा अपडेट : Hindi News, Today Hindi News, Breaking

You Might Also Like

Kedarnath Dham Opening Date: महाशिवरात्रि पर केदारनाथ धाम के खुलने की तारीख की घोषणा, 22 अप्रैल को खुलेंगे कपाट

Dehradun News: देहरादून में BJP Core Group Meeting, संगठन और सरकार की रणनीति पर मंथन

BJP internal survey in Uttarakhand: उत्तराखंड में BJP Internal Survey से सियासी तापमान बढ़ा, 2027 चुनाव से पहले बढ़ी हलचल

Dehradun Murder Case: करोड़ों की संपत्ति के लिए बेटे की सुपारी किलिंग, मां पर साजिश का आरोप

Auli Skiing Championship: औली में लौट रहा विंटर स्पोर्ट्स का रोमांच, नेशनल स्कीइंग चैंपियनशिप को मिली हरी झंडी

TAGGED:breast cancercancer awareness indiacancer in uttarakhandcancer screening uttarakhandcervical cancernotified disease canceroral cancerpublic health india
Share This Article
Facebook Twitter Email Print
Leave a comment

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
TwitterFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
Dhami Cabinet Meeting
उत्तराखंड

Dhami Cabinet Meeting: मुख्यमंत्री धामी कैबिनेट के 6 अहम फैसले…. श्रमिकों, सुरक्षा, वन कर्मियों और कृषि क्षेत्र को मिली बड़ी राहत

Manisha Manisha 2026-02-11
Cricket Entertainment News: नोरा फतेही के डांस पर टिकी सूर्यकुमार की नजर? देविका संग दिखा वायरल मोमेंट बना चर्चा का केंद्र
E-Newspaper 13/02/2026
महादेव की पूजा लिंग रूप में क्यों होती है? जानें इसके पीछे का गहरा रहस्य
Haryana Power Discom Losses: हरियाणा की बिजली व्यवस्था पर सियासी घमासान, AAP का आरोप-‘घाटे में डूबी सरकार, बोझ तले जनता’
- Advertisement -
Ad imageAd image

Categories

  • ताज़ा खबरे
  • बॉलीवुड
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • धर्म कर्म
  • वायरल
  • बिज़नेस

About US

लोकहित क्रांति न्यूज़ एक निष्पक्ष, विश्वसनीय और जनहित को समर्पित डिजिटल समाचार मंच है। हमारा उद्देश्य देश–दुनिया की ताज़ा, सटीक और प्रमाणिक ख़बरें आप तक तेज़ी से पहुँचाना है।
Quick Link
  • About Us
  • Contact Us
  • Terms and Condition
  • DNPA Code of Ethics
Must Read
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Grievance Redressal Policy

Subscribe US

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Copyrights © Lokhit Kranti. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?