ब्यूरो।
मनोज मिश्रा
UP News : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ऊर्जा विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में स्पष्ट संदेश दिया कि प्रदेश में बिजली व्यवस्था अब केवल तकनीकी या प्रशासनिक विषय नहीं, बल्कि जनता के भरोसे और शासन की संवेदनशीलता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि ट्रिपिंग, ओवरबिलिंग और अनावश्यक कटौती किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब सुधार ही एकमात्र विकल्प है और इसके लिए हर अधिकारी को जवाबदेह बनाया जाएगा।
बैठक में उन्हें अवगत कराया गया कि जून 2025 में प्रदेश ने रिकॉर्ड 31,486 मेगावाट बिजली मांग को सफलतापूर्वक पूरा किया। इस दौरान 16,930 मिलियन यूनिट बिजली की आपूर्ति की गई। शहरी क्षेत्रों में औसतन 24 घंटे, तहसील स्तर पर 21.5 घंटे और ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की गई।
UP News : ट्रिपिंग और ओवरबिलिंग पर कड़ा रुख
मुख्यमंत्री योगी ने ट्रिपिंग की लगातार मिल रही शिकायतों पर नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को हर फीडर की तकनीकी जांच के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां भी कमजोर स्थान या ओवरलोडिंग की स्थिति दिखे, वहां तत्काल ट्रांसफॉर्मर की क्षमता बढ़ाई जाए। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि फील्ड स्तर से मिलने वाली शिकायतों का समयबद्ध समाधान अनिवार्य हो, ताकि जनता को राहत मिल सके।
बिलिंग प्रणाली को लेकर उन्होंने स्पष्ट किया कि हर उपभोक्ता को हर माह सही और स्पष्ट बिल मिलना चाहिए। ओवरबिलिंग और फॉल्स बिलिंग जैसी समस्याएं न केवल जनता का विश्वास तोड़ती हैं, बल्कि विभाग की साख को भी नुकसान पहुंचाती हैं। उन्होंने स्मार्ट मीटरिंग को ब्लॉक स्तर तक ले जाने का निर्देश दिया। अब तक 31 लाख उपभोक्ता स्मार्ट मीटर से जुड़ चुके हैं।
UP News : उत्पादन क्षमता में वृद्धि और तकनीकी सुधारों पर जोर
मुख्यमंत्री को अवगत कराया गया कि वर्तमान में प्रदेश की कुल बिजली उत्पादन क्षमता 11,595 मेगावाट है। घाटमपुर, खुर्जा, पनकी और मेजा जैसी परियोजनाओं के पूरा होने पर यह क्षमता अगले दो वर्षों में 16,000 मेगावाट से अधिक हो जाएगी। मुख्यमंत्री ने इन परियोजनाओं की सतत निगरानी और समयबद्ध पूर्णता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
साथ ही, उन्होंने पारेषण और वितरण प्रणाली को मजबूत करने के लिए तकनीकी सुधारों और आधुनिकीकरण की गति बढ़ाने को कहा। लाइन लॉस को चरणबद्ध तरीके से कम करने के निर्देश दिए गए और हर डिस्कॉम को ठोस रणनीति के साथ काम करने को कहा गया।

UP News : किसानों को सौर ऊर्जा से जोड़ने की प्राथमिकता
कृषि क्षेत्र को लेकर मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि कृषि फीडरों का तेजी से पृथक्करण किया जाए और किसानों को प्रधानमंत्री कुसुम योजना से जोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि सभी ट्यूबवेलों को सौर ऊर्जा से जोड़ने का कार्य प्राथमिकता पर होना चाहिए, जिससे किसानों को स्थायी राहत मिल सके और पारंपरिक बिजली पर निर्भरता घटे।
मुख्यमंत्री ने अंत में कहा कि बिजली व्यवस्था केवल ट्रांसफॉर्मर और वायरिंग का खेल नहीं, यह जन अपेक्षा और शासन की प्रतिबद्धता का दर्पण है। हर नागरिक को यह महसूस होना चाहिए कि उसे पारदर्शी, बिना भेदभाव और समयबद्ध बिजली मिल रही है।
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