Uttar Pradesh News : उत्तर प्रदेश के झांसी जिले से एक वीडियो सोशल मीडिया पर काफी तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में सस्पेंड इंस्पेक्टर थाने में जमीन पर बैठकर बच्चों की तरह खूब रोते नजर आ रहे है। वीडियो में इंस्पेक्टर मोहित यादव आरोप लगाते हुए कहते नजर आ रहे है कि पुलिस लाइन में प्रतिसार निरीक्षक (RI) से छुट्टी मांगने गए थे। RI ने उनके प्राईवेट पार्ट पर लात मारकर भगा दिया। इसपर उन्होंने पुलिस बुला ली। पुलिस उनको ही नवाबाद थाने ले गई। लेकिन इंस्पेक्टर थाने में शिकायत लिखते वक्त जोर-जोर से रोने लगे।
Uttar Pradesh News : एसपी सिटी ने बताया बेबुनियाद
वही दूसरी तरफ इंस्पेक्टर मोहित यादव का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद एसपी सिटी ने इंस्पेक्टर के आरोपों को बेबुनियाद बताया और कहा कि इंस्पेक्टर ने ही RI के साथ अभद्रता कर मारपीट की। उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, दोनों पक्षों ने थाने में तहरीर दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
Uttar Pradesh News : अब पढ़े पूरा मामला
दरअसल, मैनपुरी के रहने वाले मोहित यादव यूपी पुलिस में इंस्पेक्टर हैं। 2012 में उनको मृतक आश्रित कोटे से सब-इंस्पेक्टर बने थे। वर्तमान में उनकी पोस्टिंग झांसी में हैं। निलंबित होने की वजह से वे पुलिस लाइन में कार्यरत हैं। लेकिन मोहित का आरोप है कि उनको जानबूझकर परेशान किया जा रहा। मोहित का कहना है कि मैंने छुट्टी के लिए एक आवेदन दिया था, जो RI सुभाष सिंह के पास से होते हुए SSP के पास जाना था। बुधवार शाम को पता चला कि RI ने आवेदन आगे नहीं भेजा। वह आवेदन लेकर RI के पास गए। वहां दोनों के बीच विवाद हो गया। RI ने अन्य पुलिसकर्मियों के साथ मिलकर मेरे प्राइवेट पार्ट पर लात मारी। तब मैंने डायल 112 पर कॉल लगाई और पुलिस को सूचना दी। पुलिस मुझे ही नवाबाद थाने ले गई। यहां लिखित शिकायत दी। मैं पहले भी इस्तीफा दे चुका हूं, लेकिन उसे स्वीकार नहीं किया।
Uttar Pradesh News : मोहित के खिलाफ चल रही 4 जांचें
वहीं मामले में SP सिटी ज्ञानेंद्र कुमार सिंह का कहना है कि मोहित 3 नवंबर, 2021 को ललितपुर से प्रशासनिक आधार पर ट्रांसफर होकर झांसी आए थे। वर्तमान में अनुशासनहीनता और विवेचना में लापरवाही बरतने पर निलंबित हैं। उनके खिलाफ 4 जांचें चल रही हैं। बुधवार रात को पुलिस लाइन के गणना कार्यालय में उन्होंने RI के साथ बदतमीजी कर मारपीट की। इस मामले में RI ने तहरीर दी है। केस दर्ज किया जाएगा। इंस्पेक्टर ने जो आरोप लगाए हैं। वो बिल्कुल झूठे और बेबुनियाद हैं।



