Gurugram News : मुख्यमंत्री उड़नदस्ते व स्वास्थ्य विभाग की पुरी टीम ने सेक्टर-42 में अवैध रूप से चलाए जा रहे डि-एडिक्शन व मानसिक रोगियों के लिए मर्लिन हेल्थ केयर पर छापेमारी की। इस छापेमारी के दौरान यह सेंटर पूरी तरह अवैध मिला। दरअसल, मुख्यमंत्री उड़नदस्ता की टीम को सूचना मिली थी कि गुरुग्राम के सेक्टर-42 में डि-एडिक्शन व मानसिक रोगियों के लिए मर्लिन हेल्थ केयर सेंटर अवैध रुप से चलाया जा रहा है। जिस पर मुख्यमंत्री उड़नदस्ता व स्वास्थ्य विभाग के मानसिक रोग विभाग के प्रभारी उप सिविल सर्जन डॉ. केशव शर्मा, डॉ. अजय मनोरोग चिकित्सक, सचिन कुमार, नैदानिक मनोवैज्ञानिक, हरि राज, मूल्यांकन एवं निगरानी अधिकारी, मानसिक स्वास्थ्य के अलावा मुख्यमंत्री उड़नदस्ते की टीम की ओर से एसआई सतबीर सिंह, एसआई हरीश कुमार आदि की टीम बनाकर छापेमारी की और इस छापेमारी के दौरान यह सेंटर पूरी तरह से अवैध पाया गया।
Gurugram News : पुलिस ने जांच की शुरु
हेल्थ केयर सेंटर का संचालक मौके मौजूद नहीं मिला और वहां पर मौजूद दो कर्मचारी कोई भी दस्तावेज नहीं दिखा सके। पुलिस ने सेंटर संचालिका के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी हैं और दोनों कर्मचारियो को गिरफ्तार करने के बाद एक दिन के रिमांड पर लिया है।
छापेमारी के दौरान नशा मुक्ति केंद्र की टीम को चौथी मंजिल पर एक व्यक्ति लेटा हुआ मिला। बेड पर लेटे व्यक्ति से जब उसका नाम पूछा गया, तो उसने अपना नाम संदीप सिंह सेठी निवासी सुशांत लोक-1, गुरुग्राम बताया। उसने बताया कि उसे एक एम्बुलेंस में जबरदस्ती लेकर आए हैं। इस संबंध में वहां कमरे के बाहर कुर्सी बेठे पर सक्षम क्लीनिक मैनेजर और जसदीप शलूजा, मनोरोग चिकित्सक से मरीज एडमिट करने के बारे में दस्तावेज मांगे गए तो कोई भी दस्तावेज वे नहीं दिखा सके। पता चला है कि करीब पिछले एक माह से किराए के भवन में हेल्थ केयर सेंटर संचालित किया जा रहा था।
पुलिस को छानबीन के दौरान पता चला है कि अवैध नशा मुक्ति केंद्र की संचालिका प्रणिता के पास इसके संचालन का किसी तरह का कागजात नहीं है। पुलिस ने सुशांतलोक थाना में दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर एक दिन की रिमांड पर लिया है।



