By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
LokhitkrantiLokhitkrantiLokhitkranti
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Reading: US-Iran War: ईरान से जंग छेड़ बुरी तरह फंसे ट्रंप! खत्म हो रहा हथियारों का जखीरा, क्या ईरान के सामने ‘महाशक्ति’ ने टेक दिए घुटने?
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
Font ResizerAa
LokhitkrantiLokhitkranti
Search
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Have an existing account? Sign In
Follow US
Lokhitkranti > अंतर्राष्ट्रीय > US-Iran War: ईरान से जंग छेड़ बुरी तरह फंसे ट्रंप! खत्म हो रहा हथियारों का जखीरा, क्या ईरान के सामने ‘महाशक्ति’ ने टेक दिए घुटने?
अंतर्राष्ट्रीय

US-Iran War: ईरान से जंग छेड़ बुरी तरह फंसे ट्रंप! खत्म हो रहा हथियारों का जखीरा, क्या ईरान के सामने ‘महाशक्ति’ ने टेक दिए घुटने?

Rupam
Last updated: 2026-04-27 6:18 अपराह्न
Rupam Published 2026-04-27
Share
rump ceasefire missiles Crisi
ईरान से जंग छेड़ बुरी तरह फंसे ट्रंप! खत्म हो रहा हथियारों का जखीरा, क्या ईरान के सामने 'महाशक्ति' ने टेक दिए घुटने?
SHARE

Trump ceasefire missiles Crisis: ईरान और अमेरिका के बीच चल रहा भीषण संघर्ष अब एक ऐसे निर्णायक मोड़ पर आ गया है, जहां दुनिया की सबसे बड़ी सैन्य शक्ति अमेरिका खुद को लाचार महसूस कर रही है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 21 अप्रैल को निर्धारित समय सीमा समाप्त होने से कुछ ही घंटे पहले एकतरफा रूप से सीजफायर (युद्धविराम) की अवधि बढ़ा दी है। इस महीने में यह दूसरी बार है जब ट्रंप ने पीछे हटने का संकेत दिया है। सीजफायर के पीछे वाशिंगटन चाहे जो भी दलीलें दे, लेकिन रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रंप अब किसी भी कीमत पर इस जंग से बाहर निकलना चाहते हैं, क्योंकि अमेरिका के हथियारों का जखीरा खतरनाक स्तर तक खाली हो चुका है। (Trump ceasefire missiles Crisis)

Contents
खत्म हो रहा घातक हथियारों का भंडारपैट्रियट और THAAD की कमी बनी सबसे बड़ी चुनौतीउत्पादन में गिरावट और सहयोगियों की बढ़ी टेंशनईरान की जवाबी धमकियां और वैश्विक व्यापार पर खतराट्रंप के सामने कठिन विकल्प और पेंटागन में मतभेद

दूसरी ओर, ईरान पीछे हटने को तैयार नहीं है और वह जीत की गंध सूंघ रहा है। अमेरिका के लिए सबसे बड़ी टेंशन यह है कि उसके पास लंबी दूरी की मिसाइलों और एयर डिफेंस सिस्टम की भारी कमी हो गई है। सीएनएन की एक चौंकाने वाली रिपोर्ट के अनुसार, ईरान के साथ जंग में अमेरिका के प्रमुख मिसाइल भंडार का लगभग आधा हिस्सा खत्म हो चुका है। स्थिति इतनी गंभीर है कि इन हथियारों की भरपाई करने में अब तीन से पांच साल का समय लग सकता है। ऐसे में ट्रंप प्रशासन बस एक ऐसा ‘एग्जिट रूट’ (निकास मार्ग) तलाश रहा है, जिससे वह अपनी इज्जत बचाते हुए इस युद्ध से बाहर निकल सके। (Trump ceasefire missiles Crisis)

खत्म हो रहा घातक हथियारों का भंडार

अमेरिका ने ईरान के खिलाफ शुरुआती 39 दिनों में ही लगभग 13,000 ठिकानों पर हमला किया, लेकिन इसकी भारी कीमत उसे चुकानी पड़ रही है।

  • THAAD इंटरसेप्टर: अमेरिका ने अपना 50% भंडार इस्तेमाल कर लिया है।
  • पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम: इसका भी करीब 50% हिस्सा खत्म हो चुका है।
  • प्रिसिजन स्ट्राइक मिसाइल: 45% भंडार खाली है।
  • लगभग 30% स्टॉक इस्तेमाल हो चुका है।
  • अमेरिकी नौसेना ने अब तक 1,000 से अधिक टॉमहॉक मिसाइलों का इस्तेमाल किया है, जबकि 2026 में इनका उत्पादन मांग के मुकाबले बेहद कम है। (Trump ceasefire missiles Crisis)

पैट्रियट और THAAD की कमी बनी सबसे बड़ी चुनौती

ईरानी बैलिस्टिक मिसाइलों को रोकने के लिए अमेरिका को बड़ी संख्या में इंटरसेप्टर दागने पड़ रहे हैं। ईरान की ओर से आने वाली एक मिसाइल को रोकने के लिए अमेरिका को 2 से 4 पैट्रियट (PAC-3) मिसाइलें दागनी पड़ती हैं। चूंकि ईरान अब हाइपरसोनिक और क्लस्टर बमों वाली एडवांस्ड मिसाइलों का इस्तेमाल कर रहा है, इसलिए अमेरिकी भंडार तेजी से खत्म हो रहे हैं। खाड़ी में स्थित अधिकांश अमेरिकी ठिकानों पर अब इंटरसेप्टर खत्म होने की कगार पर हैं। (Trump ceasefire missiles Crisis)

Read : वॉशिंगटन होटल में फायरिंग से हड़कंप, PM मोदी ने जताई चिंता

उत्पादन में गिरावट और सहयोगियों की बढ़ी टेंशन

अमेरिका में हथियारों का उत्पादन उसकी खपत के मुकाबले बहुत धीमा है। सालाना केवल 100 पैट्रियट मिसाइलों का उत्पादन होता है, जबकि युद्ध में इनकी खपत हजारों में है। स्थिति को संभालने के लिए अमेरिका अब जापान और दक्षिण कोरिया से मिसाइलें ट्रांसफर करने पर विचार कर रहा है। हालांकि, इससे इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में चीन के खिलाफ अमेरिका की रक्षात्मक स्थिति कमजोर हो सकती है। जापान को पहले ही बताया जा चुका है कि ईरान युद्ध के कारण उसकी टॉमहॉक मिसाइलों की डिलीवरी में देरी होगी। (Trump ceasefire missiles Crisis)

Latest News Update Uttar Pradesh News, उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर

ईरान की जवाबी धमकियां और वैश्विक व्यापार पर खतरा

ईरान ने स्पष्ट कर दिया है कि यदि उसके ऊर्जा बुनियादी ढांचे पर हमला हुआ, तो वह पूरे खाड़ी क्षेत्र और इजरायल को निशाना बनाएगा। उसने समुद्र के नीचे मौजूद उन केबलों को काटने की धमकी दी है जो वैश्विक डेटा कनेक्टिविटी की रीढ़ हैं। इसके अलावा, हूती विद्रोहियों ने बाब-अल-मंडेब बंदरगाह को बंद करने की चेतावनी दी है, जहां से दुनिया का 12% व्यापार गुजरता है। (Trump ceasefire missiles Crisis)

ट्रंप के सामने कठिन विकल्प और पेंटागन में मतभेद

घरेलू स्तर पर समर्थन में कमी और घटते संसाधनों ने ट्रंप को दीवार के सहारे खड़ा कर दिया है। पेंटागन के वरिष्ठ अधिकारियों और राजनीतिक नेतृत्व के बीच लक्ष्यों को लेकर मतभेद उभरने लगे हैं। ट्रंप की एकतरफा सीजफायर घोषणाएं इस बात का प्रमाण हैं कि वे अब और नुकसान उठाने की स्थिति में नहीं हैं। (Trump ceasefire missiles Crisis)

पढ़े ताजा अपडेट : Hindi News, Today Hindi News, Breaking

You Might Also Like

टो बैठक के बीच ट्रंप का सख्त रुख, क्या ईरान पर होने वाला है सबसे बड़ा अमेरिकी हमला?

डील खत्म, फिर शुरू हुआ टकराव! ईरान-अमेरिका तनाव ने पकड़ी खतरनाक रफ्तार

NATO Summit 2026: NATO समिट से पहले रूस का कहर, कीव पर मिसाइल-ड्रोन हमला, 8 लोगों की मौत

Iran Trump Row: खामेनेई के अंतिम संस्कार पर ट्रंप की टिप्पणी से बढ़ा विवाद, ईरान ने दिया करारा जवाब

PoJK Protests: PoJK में पाकिस्तान के खिलाफ फूटा जनाक्रोश, हजारों लोग सड़कों पर

TAGGED:Donald TrumpMiddle East Conflict 2026Missile ShortagePatriot MissileTHAAD Defense SystemUS-Iran War
Share This Article
Facebook Twitter Email Print
Leave a comment

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
TwitterFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
PM Modi Australia CEO Forum: PM Narendra Modi addressing the India-Australia CEO Forum in Melbourne on green energy, investment and Net Zero goals.
राष्ट्रीय

PM Modi Australia Visit: ‘भारत में निवेश का यही सही समय’… ऑस्ट्रेलिया के CEO फोरम से PM मोदी का ग्लोबल संदेश

ShreeJi ShreeJi 2026-07-09
E-Newspaper 07/07/2026
PM Modi Indonesia Visit: इंडोनेशिया ने PM मोदी को दिया सबसे बड़ा नागरिक सम्मान, भारत की कूटनीति को मिली नई पहचान
E-Newspaper 09/07/2026
Chhattisgarh Folk Art: 70 की उम्र में नहीं रहीं पंडवानी की महान गायिका तीजन बाई, PM मोदी ने दी श्रद्धांजलि
- Advertisement -
Ad imageAd image

Categories

  • ताज़ा खबरे
  • बॉलीवुड
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • धर्म कर्म
  • वायरल
  • बिज़नेस

About US

लोकहित क्रांति न्यूज़ एक निष्पक्ष, विश्वसनीय और जनहित को समर्पित डिजिटल समाचार मंच है। हमारा उद्देश्य देश–दुनिया की ताज़ा, सटीक और प्रमाणिक ख़बरें आप तक तेज़ी से पहुँचाना है।
Quick Link
  • About Us
  • Terms and Condition
  • DNPA Code of Ethics
Must Read
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Grievance Redressal Policy

Subscribe US

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Copyrights © Lokhit Kranti. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?