Ghaziabad News : पैठ को लेकर विवाद नही ले रहा थमने का नाम
साहिबाबाद में साप्ताहिक पैंठ बाजार को लेकर व्यापारियों और पुलिस के बीच विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। प्रदेश के मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह ने आदेश दिया था कि जब तक वैकल्पिक स्थान नहीं मिल जाता, तब तक इन बाजारों को न हटाया जाए। लेकिन इस आदेश का अब कोई असर नहीं दिख रहा है। पुलिस लगातार पैंठ बाजार को लगाने से रोक रही है और जो बाजार किसी तरह लग भी रहे हैं, उन्हें जबरन हटा रही है। व्यापारी इस कार्रवाई का विरोध कर रहे हैं, जिससे टकराव की स्थिति बनी हुई है।

Ghaziabad News : क्या हैं मामला ?
मंगलवार शाम चार बजे इंदिरापुरम के काला पत्थर रोड पर जैसे ही व्यापारी पैंठ लगाने पहुंचे, 20-25 पुलिसकर्मियों ने उन्हें रोक दिया। जो दुकानदार अड़ गए, उन्हें लाठी फटकार कर भगा दिया। इस दौरान कई व्यापारियों को चोटें भी आईं। पुलिस की इस कार्रवाई की जानकारी मिलते ही शाम पांच बजे लोनी के भाजपा विधायक नंद किशोर गुर्जर वहां पहुंचे। उनके आते ही व्यापारियों ने हंगामा शुरू कर दिया और कहा कि पुलिस जबरन उनकी रोजी-रोटी छीन रही है। विधायक ने इस पर नाराजगी जताते हुए कहा कि वह लखनऊ जाकर मुख्य सचिव से पूछेंगे कि उनके आदेश का पालन क्यों नहीं हो रहा है। उनके समर्थन के बाद व्यापारियों ने दोबारा दुकानें लगानी शुरू कर दीं और विधायक खुद भी एक दुकान पर बर्तन बेचने लगे।

रात करीब 10 बजे तक माहौल गरमाया रहा, जिसके बाद दुकानदार वापस चले गए। व्यापारी रामपाल ने बताया कि पुलिस ने लाठियां फटकारीं, जिससे कई लोग घायल हो गए। एक युवक, जो थैला बेचने आया था , वह भी चोटिल हो गया। पैठ हटाने के इस अभियान का विरोध सात दिन से जारी है। पांच दिन पहले लोनी के विधायक नंद किशोर गुर्जर ने व्यापारियों का समर्थन किया, जिससे विरोध और तेज हो गया। इसे देखते हुए नगर निगम ने एक कमेटी गठित कर दी है, जो पैंठ बाजार के लिए वैकल्पिक स्थान की तलाश कर रही है। नगर निगम के एक कार्यक्रम में आए मुख्य सचिव ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जब तक नई जगह नहीं मिल जाती, तब तक बाजार न हटाए जाएं, लेकिन इसके बावजूद पुलिस की कार्रवाई जारी है।

Ghaziabad News : क्या बोले विधायक ?
विधायक नंद किशोर गुर्जर ने कहा कि साप्ताहिक पैंठ बाजार गरीबों के लिए बहुत जरूरी हैं, क्योंकि यहां सस्ते दामों पर सामान मिलता है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर पुलिस ने बाजार नहीं लगने दिए, तो वह खुद कमिश्नर आवास पर सब्जी बेचकर विरोध दर्ज कराएंगे।



