गाजियाबाद के अर्थला इलाके में स्थित संजय कॉलोनी में अवैध निर्माण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई देखने को मिली हैं। गाजियाबाद नगर निगम ने कोर्ट के आदेश के बाद 12 अवैध दुकानों को ध्वस्त कर दिया।
इस कार्रवाई के तहत दुकान मालिकों पर 2 लाख से 5 लाख रुपये तक का जुर्माना भी लगाया गया है। यह कार्रवाई शहर में अवैध निर्माणों पर अंकुश लगाने और नियोजित विकास को बढ़ावा देने के लिए की गई है।
अवैध निर्माणों को हटाने का निर्देश
संजय कॉलोनी में ये दुकानें बिना किसी वैध अनुमति के बनाई गई थीं, जो नगर निगम और गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) के नियमों का उल्लंघन करती थीं। कोर्ट ने इन अवैध निर्माणों को हटाने का सख्त निर्देश दिया था, जिसके बाद नगर निगम ने त्वरित कार्रवाई की। गाजियाबाद की महापौर सुनीता दयाल ने दुकान मालिकों को पहले ही चेतावनी दी थी कि वे जल्द से जल्द इन अवैध दुकानों को खाली कर लें। हालांकि, समयसीमा समाप्त होने के बाद भी दुकानें खाली नहीं की गईं, जिसके चलते नगर निगम को बुलडोजर चलाना पड़ा।

पुलिस की देखरेख में कार्रवाई
कार्रवाई नगर निगम के संपत्ति विभाग की देखरेख में की गई। ध्वस्तीकरण के दौरान पुलिस बल की मौजूदगी सुनिश्चित की गई ताकि कोई अप्रिय घटना न हो। स्थानीय लोगों और दुकान मालिकों ने कार्रवाई का विरोध करने की कोशिश की, लेकिन पुलिस और प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रित कर कार्यवाही को सुचारू रूप से पूरा किया।
महापौर ने कारवाई को बताया सुनियोजित
महापौर सुनीता दयाल ने इस कार्रवाई को शहर के नियोजित विकास के लिए आवश्यक बताया। उन्होंने कहा कि अवैध निर्माण न केवल शहर की सुंदरता को प्रभावित करते हैं, बल्कि बुनियादी सुविधाओं पर भी दबाव डालते हैं। जीडीए और नगर निगम ने लोगों से अपील की है कि वे केवल वैध अनुमति प्राप्त निर्माणों में निवेश करें ताकि भविष्य में ऐसी कार्रवाइयों से बचा जा सके।
यह कार्रवाई गाजियाबाद में अवैध निर्माणों के खिलाफ चल रहे अभियान का हिस्सा है। जीडीए ने हाल ही में 321 अवैध कॉलोनियों की सूची जारी की थी, जिसमें संजय कॉलोनी जैसे कई इलाके शामिल हैं।
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