गाजियाबाद में हिंदू संगठन के Rajkiya Kanya Vidyalaya के बाहर बवाल करने की खबर सामने आई हैं। इस घटना के कारण क्षेत्र में तनाव की स्थिति बन गई हैं।
दरअसल इस घटना के पीछे का कारण यह बताया जा रहा हैं कि छात्राओं को स्कूल मे प्रवेश करने से रोका गया और इसके बाद उसे अपमानित भी किया गया।
छात्र के परिजनों और शिक्षिकाओं के बीच तीखी नोकझोंक
गाजियाबाद के विजय नगर स्थित Rajkiya Kanya Vidyalaya के बाहर बुधवार सुबह को हिंदू संगठन के कार्यकर्ता भारी संख्या में एकत्र हुए। उन्होंने स्कूल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाया कि छात्राओं को तिलक लगाने के कारण स्कूल से बाहर निकाल दिया गया। इस घटना ने स्थानीय समुदाय में तनाव पैदा कर दिया, और परिजनों व शिक्षिकाओं के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली। मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की और मामले की जांच शुरू कर दी है।

तिलक लगाने पर किया गया अपमानित
हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं का दावा है कि स्कूल प्रशासन ने कुछ छात्राओं को धार्मिक प्रतीक तिलक लगाने के कारण अपमानित किया और उन्हें कक्षा से बाहर निकाल दिया। प्रदर्शनकारियों ने इसे धार्मिक भावनाओं का अपमान बताते हुए स्कूल प्रशासन के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। दूसरी ओर, स्कूल प्रशासन ने इन आरोपों को निराधार बताया और कहा कि कोई भी छात्रा तिलक लगाने के कारण नहीं निकाली गई। प्रशासन का कहना है कि यह मामला अनुशासन से संबंधित था, जिसे गलत तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है।

छात्राओं के मनोबल टूटने की कही बात
घटना के बाद परिजनों और शिक्षिकाओं के बीच तीखी बहस हुई, जिससे स्कूल परिसर में तनाव का माहौल बन गया। परिजनों का आरोप है कि स्कूल प्रशासन ने उनकी बेटियों के साथ भेदभावपूर्ण व्यवहार किया। कुछ अभिभावकों ने कहा कि उनकी बेटियों को बिना किसी ठोस कारण के अपमानित किया गया, जिससे उनका मनोबल टूटा है। वहीं, शिक्षिकाओं ने इस बात से इनकार किया और कहा कि स्कूल में सभी छात्राओं के साथ समान व्यवहार किया जाता है।
पुलिस ने दर्ज किया बयान
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को शांत कराया और दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले की गहन जांच की जा रही है और स्कूल प्रशासन से संबंधित दस्तावेजों की भी पड़ताल की जाएगी।
यह भी पढ़े- गाजियाबाद में डरा रहे Dog Bite के आंकड़े, जाने क्या है हाल ?