Ghaziabad News : विकास कार्यों में भी आई तेजी
गाजियाबाद के इंदिरापुरम क्षेत्र के निवासियों को नगर निगम से बड़ी राहत मिली है। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) के अनुरक्षण शुल्क की तुलना में गाजियाबाद नगर निगम का जल और सीवर कर काफी कम दर पर वसूला जा रहा है, जिससे लोगों को आर्थिक लाभ हो रहा है। नगर निगम के मुख्य कर निर्धारण अधिकारी डॉ. संजीव सिन्हा ने इस विषय में जानकारी देते हुए बताया कि नगर निगम का प्रयास करदाताओं को जागरूक करने और पारदर्शी व्यवस्था के तहत कर वसूली बढ़ाने का भी है। उन्होंने हाउस टैक्स को लेकर भी कई बार जनता से संवाद किया और इसकी वसूली के लिए लगातार अभियान चलाया है।
Ghaziabad News : जानें क्या हैंं पूरी खबर ?
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार पहले इंदिरापुरम योजना जीडीए के अंतर्गत थी, जहां अनुरक्षण शुल्क लिया जाता था। लेकिन योजना के नगर निगम को हस्तांतरित होने के बाद अब निगम अनुरक्षण शुल्क के स्थान पर जल कर, सीवर कर और ड्रेनेज कर वसूल रहा है, जिसकी दरें पहले की तुलना में कम हैं। उदाहरण के तौर पर, शक्ति खंड-1 इंदिरापुरम में पहले वार्षिक अनुरक्षण शुल्क 2970 रुपये था, जो अब घटकर जल व सीवर कर के रूप में 2067 रुपये हो गया है। इसी तरह, भवन संख्या SK-1/362 में पहले 4752 रुपये अनुरक्षण शुल्क लिया जाता था जबकि अब नगर निगम केवल 2067 रुपये वसूल रहा है। अहिंसा खंड की इमारतों में भी यह कमी देखी गई – जहां पहले 9148 रुपये वार्षिक अनुरक्षण शुल्क लगता था, अब नगर निगम केवल 6470 रुपये में यह सेवा दे रहा है।
नगर निगम के इस कदम की इंदिरापुरम के आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने सराहना की है। महापौर सुनीता दयाल और नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के नेतृत्व में इंदिरापुरम क्षेत्र में मुख्य मार्गों और आंतरिक सड़कों का विकास कार्य तेजी से कराया जा रहा है। आने वाले दिनों के लिए भी कई योजनाएं बनाई गई हैं ताकि इलाके में मूलभूत सुविधाएं बेहतर हों। नगर निगम अधिकारियों ने कहा कि नागरिकों के सहयोग और पारदर्शी कर व्यवस्था से शहर में विकास कार्यों को और गति दी जाएगी और करदाताओं को इसका सीधा लाभ मिलेगा।
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