Ghaziabad News : गाजियाबाद जिले में एसडीजीआई ग्लोबल यूनिवर्सिटी के स्कूल ऑफ फार्मास्युटिकल साइंसेज ने जीनस हेल्थकेयर सॉल्यूशंस एंड आईटी कंसल्टिंग प्राइवेट लिमिटेड के सहयोग से 20 से 27 जनवरी 2025 तक एक सप्ताह की मेडिकल कोडिंग कार्यशाला का सफलतापूर्वक आयोजन किया। इस कार्यशाला का उद्देश्य छात्रों को मेडिकल कोडिंग के क्षेत्र में गहन ज्ञान प्रदान करना था, जो आज के स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
Ghaziabad News : चुनौतियों का सामना करने के लिए रहे तैयार
कार्यशाला का समापन समारोह विश्वविद्यालय परिसर में गरिमामयी आयोजन के साथ हुआ। स्कूल ऑफ फार्मास्युटिकल साइंसेज की निदेशक, प्रोफेसर (डॉ.) शालिनी शर्मा ने समारोह के दौरान एक प्रेरणादायक भाषण दिया। उन्होंने इस कार्यशाला को “सफलता का प्रतीक” बताते हुए सभी छात्रों, शिक्षकों और सहयोगी संस्थानों का उनके सक्रिय योगदान के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम न केवल छात्रों को व्यावहारिक कौशल सिखाते हैं, बल्कि उन्हें तेजी से बदलते स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र की चुनौतियों का सामना करने के लिए भी तैयार करते हैं।
Ghaziabad News : ये सभी लोग रहे शामिल
समारोह में कई सम्माननीय अतिथि उपस्थित रहे, जिनमें एसडीजीआई ग्लोबल यूनिवर्सिटी के माननीय कुलपति प्रोफेसर (डॉ.) प्रसेनजीत कुमार, प्रो-वाइस चांसलर (प्रशासन) श्री पीयूष श्रीवास्तव, रजिस्ट्रार डॉ. राजीव रतन, जीनस हेल्थकेयर सॉल्यूशंस के प्रबंध निदेशक श्री विकास माहेश्वरी, और सुंदर दीप फार्मेसी कॉलेज के निदेशक डॉ. आर.डी. गुप्ता शामिल थे। सभी अतिथियों ने इस पहल की सराहना करते हुए विश्वविद्यालय के गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने और छात्रों के समग्र विकास के प्रति प्रतिबद्धता की प्रशंसा की। माननीय चांसलर श्री महेंद्र अग्रवाल ने छात्रों की सक्रिय भागीदारी की सराहना करते हुए इस प्रकार की कार्यशालाओं के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा, “इस तरह के कार्यक्रम केवल शिक्षण तक सीमित नहीं रहते, बल्कि वे छात्रों के करियर निर्माण और उनके आत्मविश्वास को बढ़ाने में भी सहायक होते हैं।”
कार्यशाला की उपयोगिता को रेखांकित करते हुए, विकास माहेश्वरी ने कार्यशाला का सारांश प्रस्तुत किया, जबकि कुलपति प्रोफेसर (डॉ.) प्रसेनजीत कुमार ने इसके प्रभाव की प्रशंसा की। उन्होंने इस कार्यशाला को छात्रों और संकाय सदस्यों के लिए एक मूल्यवान अवसर बताते हुए इसे भविष्य के लिए प्रेरणादायक बताया। कार्यक्रम को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाने वाले जीनस हेल्थकेयर टीम सदस्यों में सुश्री पलक गोयल, सुश्री हिमानी सिंघल, सोमेश भट्ट, तथा स्कूल ऑफ फार्मास्युटिकल के प्रोफेसर डॉ. बबीता अग्रवाल, डॉ. जसप्रीत कौर, सहायक प्रोफेसर बबीता कुमारी, नेहा रावत, पलक हिंदवाल, और गौरी गोयल का विशेष उल्लेख किया गया। उनकी प्रतिबद्धता, समर्पण और सामूहिक प्रयासों के लिए सभी को बधाई दी गई।
इस आयोजन ने छात्रों को न केवल तकनीकी कौशल सिखाने में मदद की, बल्कि उन्हें स्वास्थ्य सेवा के तेजी से बदलते परिदृश्य में अवसरों और चुनौतियों के लिए तैयार करने में भी अहम भूमिका निभाई। समारोह का समापन माननीय कुलपति द्वारा प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र वितरण और स्मृति चिह्न प्रदान करने के साथ हुआ। इस कार्यशाला ने छात्रों के भविष्य को संवारने और उन्हें उद्योग अनुकूल कौशल से लैस करने के लिए एसडीजीआई ग्लोबल यूनिवर्सिटी के प्रयासों में एक और मील का पत्थर स्थापित किया।



