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‘AI Psychosis’ क्या है? जानें क्यों है ये खतरनाक

AI Psychosis

कुछ समय से सोशल मीडिया पर यूजर्स के द्वारा पोस्ट किए जाने के बाद, ‘AI Psychosis’ शब्द काफ़ी लोकप्रिय हो रहा है। इन पोस्ट में चैटजीपीटी (Chatgpt) जैसे एआई चैटबॉट के गहन उपयोग के बाद वास्तविकता से संपर्क खोने के अनुभवों का वर्णन किया गया है।

इन पोस्ट के आधार पर, एआई साइकोसिस का अर्थ एआई चैटबॉट के साथ काफी समय से बातचीत करने के बाद उपयोगकर्ताओं के द्वारा अनुभव किए जाने वाले झूठे या परेशान करने वाले भरोसे, भ्रम या फिर पागलपन जैसी भावनाओं से है। इनमें से बहुत से यूजर्स ने कम लागत वाली चिकित्सा एवं पेशेवर सलाह के लिए चैटबॉट का रुख किया।

‘AI Psychosis’ क्या है?

AI मनोविकृति एक ऐसी स्थिति होती है जो नशीली दवाओं के इस्तेमाल, नींद की कमी, आघात, बुखार या सिज़ोफ्रेनिया जैसी स्थिति से पैदा होती है। आपको बता दें कि मनोचिकित्सक भ्रम जैसे प्रमाणों के आधार पर अपने रोगियों में मनोविकृति का निदान करने में सक्षम हैं। जैसे अव्यवस्थित सोच, मतिभ्रम, आदि।

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AI Psychosis का समाधान

वाशिंगटन पोस्ट की एक रिपोर्ट के मुताबिक, एआई साइकोसिस एक अनौपचारिक लेबल है जिसका इस्तेमाल एक निश्चित प्रकार के ऑनलाइन व्यवहार का वर्णन करने के लिए किया जाता है, जो ‘ब्रेन रोट’ या ‘डूमस्क्रॉलिंग’ जैसे अन्य भावों के ही समान है।यह उभरता हुआ चलन ऐसे वक्त में सामने आया है जब ओपनएआई के चैटजीपीटी जैसे AI चैटबॉट में तेज़ी से वृद्धि देखी जा रही है। 2022 में पहली बार लॉन्च किए गए चैटजीपीटी के प्रति एक सप्ताह में लगभग 700 मिलियन उपयोगकर्ता होने की खबर है।

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हालाँकि, इस बात को लेकर चिंता बढ़ रही है कि इन चैटबॉट के साथ लंबे समय तक बातचीत करने से यूजर्स के मानसिक स्वास्थ्य पर एक हानिकारक प्रभाव पड़ सकते हैं। AI को अपनाने की तेज गति को देखते हुए, मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने यह तर्क दिया है कि ‘AI Psychosis’ के मुद्दे का जल्द समाधान करना बहुत जरुरी है।

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यूजर्स या उनके परिवार और दोस्तों के द्वारा अनुभव की जाने वाली व परेशान करने वाली चैटबॉट बातचीत की बढ़ती संख्या को देखते हुए, विशेषज्ञ इस मुद्दे का और अध्ययन करने पर विचार कर रहे हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक, APA एक विशेषज्ञ पैनल का गठन कर रहा है जो चिकित्सा में AI चैटबॉट के उपयोग का अध्ययन करने पर ध्यान केंद्रित करेगा। पैनल की रिपोर्ट आने वाले महीनों में प्रकाशित होने की उम्मीद है, जिसमें AI चैटबॉट बातचीत से होने वाले नुकसान को कम करने के तरीके पर सुझाव भी शामिल होंगे।

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