Vinod Jakhad NSUI President: कांग्रेस की छात्र इकाई नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (NSUI) की कमान अब राजस्थान के युवा नेता विनोद जाखड़ (Vinod Jakhad NSUI President) के हाथों में होगी। पार्टी ने आधिकारिक तौर पर उनकी नियुक्ति की घोषणा कर दी है। वे निवर्तमान अध्यक्ष वरुण चौधरी की जगह लेंगे। विनोद जाखड़ के नाम के ऐलान के साथ ही राजनीतिक हलकों और छात्र समुदाय में चर्चा तेज हो गई है आखिर कौन हैं विनोद जाखड़ और कांग्रेस ने उन्हें यह अहम जिम्मेदारी क्यों सौंपी?
छात्र राजनीति से उभरा चेहरा
विनोद जाखड़ (Vinod Jakhad NSUI President) की पहचान राजस्थान में एक मुखर और सक्रिय युवा नेता के रूप में रही है। छात्र जीवन से ही वे कांग्रेस विचारधारा से जुड़े रहे। राजस्थान यूनिवर्सिटी में पढ़ाई के दौरान उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर छात्रसंघ चुनाव लड़ा और जीत दर्ज कर अध्यक्ष बने। यह जीत उनके राजनीतिक जीवन का टर्निंग पॉइंट साबित हुई। यहीं से वे स्थानीय कांग्रेस नेताओं की नजर में आए और छात्र राजनीति में एक मजबूत चेहरा बनकर उभरे।
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विचारधारा की राजनीति और मुखर विरोध
विनोद जाखड़ (Vinod Jakhad NSUI President) की पहचान राज्य की राजनीति में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और बीजेपी की विचारधारा के मुखर विरोधी के रूप में रही है। छात्र जीवन से ही वे कैंपस में एबीवीपी के खिलाफ सक्रिय रहे और वैचारिक बहसों में खुलकर हिस्सा लेते रहे। वे अक्सर आरोप लगाते रहे हैं कि संघ और बीजेपी समाज में विभाजन की राजनीति करते हैं। छात्र आंदोलनों और विरोध प्रदर्शनों में भागीदारी के चलते उन्हें कई बार पुलिस कार्रवाई का भी सामना करना पड़ा। उनके समर्थक इसे उनकी ‘संघर्षशील छवि’ के तौर पर पेश करते हैं।
साधारण पृष्ठभूमि, बड़ा राजनीतिक दायरा
जयपुर जिले की विराटनगर तहसील के मेढ़ गांव में 1994 में जन्मे विनोद जाखड़ दलित परिवार से आते हैं। उनके पिता गांव में छोटे-मोटे कामकाज से परिवार चलाते रहे हैं।विनोद ने राजनीति विज्ञान में स्नातक और समाजशास्त्र में परास्नातक की पढ़ाई की है। छात्र जीवन के दौरान ही उन्होंने संगठनात्मक काम में सक्रिय भूमिका निभानी शुरू कर दी थी। उन्होंने राहुल गांधी की ‘भारत जोड़ो यात्रा’ में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इसी दौरान उनकी मुलाकात राहुल गांधी से हुई। पार्टी सूत्रों के अनुसार, उनकी सक्रियता और संगठन क्षमता से प्रभावित होकर उन्हें पहले एनएसयूआई राजस्थान (Vinod Jakhad NSUI President) की जिम्मेदारी दी गई और अब राष्ट्रीय स्तर पर पदोन्नति मिली है।
सचिन पायलट से नजदीकी के मायने
राजस्थान की राजनीति में विनोद जाखड़ (Vinod Jakhad NSUI President) को सचिन पायलट के समर्थक के रूप में भी देखा जाता है। जयपुर और आसपास के जिलों में जब भी पायलट किसी आंदोलन या कार्यक्रम में सक्रिय होते हैं, विनोद जाखड़ युवाओं को संगठित करने में अहम भूमिका निभाते रहे हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि संगठन में उनकी पकड़, जमीनी सक्रियता और पायलट खेमे से समीकरण इन तीनों ने मिलकर उन्हें राष्ट्रीय अध्यक्ष की कुर्सी तक पहुंचाया है।
कांग्रेस का युवा दांव
एनएसयूआई लंबे समय से कांग्रेस की छात्र राजनीति का प्रमुख मंच रहा है। ऐसे समय में जब राष्ट्रीय राजनीति में युवाओं की भागीदारी पर जोर दिया जा रहा है, पार्टी ने अपेक्षाकृत युवा और जुझारू चेहरे पर भरोसा जताया है। विनोद जाखड़ के सामने अब दोहरी चुनौती होगी एक ओर कैंपस राजनीति में संगठन को मजबूत करना और दूसरी ओर राष्ट्रीय स्तर पर छात्रों के मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाना। नई शिक्षा नीति, बेरोजगारी, छात्रवृत्ति और कैंपस लोकतंत्र जैसे मुद्दे उनके एजेंडे में प्रमुख हो सकते हैं।
राष्ट्रीय राजनीति में नई जिम्मेदारी
छात्र नेता से राष्ट्रीय अध्यक्ष तक का सफर आसान नहीं होता। विनोद जाखड़ की नियुक्ति कांग्रेस के भीतर सामाजिक प्रतिनिधित्व और युवा नेतृत्व को आगे बढ़ाने के संकेत के रूप में भी देखी जा रही है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि वे एनएसयूआई को किस दिशा में ले जाते हैं क्या वे आक्रामक छात्र आंदोलनों की राह चुनेंगे या संगठन विस्तार और संवाद की रणनीति अपनाएंगे? फिलहाल इतना तय है कि राजस्थान से निकला यह युवा चेहरा अब राष्ट्रीय छात्र राजनीति में अहम भूमिका निभाने जा रहा है।
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