By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
LokhitkrantiLokhitkrantiLokhitkranti
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Reading: Gaza Peace Board: गाजा शांति पहल में भारत की एंट्री? ट्रंप प्रशासन का बड़ा कूटनीतिक दांव
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
Font ResizerAa
LokhitkrantiLokhitkranti
Search
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Have an existing account? Sign In
Follow US
Lokhitkranti > Blog > अंतर्राष्ट्रीय > Gaza Peace Board: गाजा शांति पहल में भारत की एंट्री? ट्रंप प्रशासन का बड़ा कूटनीतिक दांव
अंतर्राष्ट्रीय

Gaza Peace Board: गाजा शांति पहल में भारत की एंट्री? ट्रंप प्रशासन का बड़ा कूटनीतिक दांव

Gajendra Singh Tanwar
Last updated: 2026-01-19 12:51 पूर्वाह्न
Gajendra Singh Tanwar Published 2026-01-19
Share
Gaza Peace Board
Gaza Peace Board: गाजा शांति पहल में भारत की एंट्री? ट्रंप प्रशासन का बड़ा कूटनीतिक दांव
SHARE

Gaza Peace Board: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गाजा संघर्ष (Gaza Peace Board) को समाप्त करने के उद्देश्य से बनाई जा रही एक नई अंतरराष्ट्रीय पहल के तहत भारत को गाजा पीस बोर्ड में शामिल होने का निमंत्रण भेजा है। यह कदम ट्रंप प्रशासन की उस व्यापक रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है, जिसके जरिए गाजा को युद्ध की स्थिति से निकालकर स्थिरता, पुनर्निर्माण और दीर्घकालिक शांति की ओर ले जाने की योजना है। समाचार एजेंसी एएनआई ने यह जानकारी सूत्रों के हवाले से दी है।इस प्रस्ताव को केवल एक औपचारिक आमंत्रण नहीं, बल्कि वैश्विक राजनीति में भारत की बढ़ती कूटनीतिक स्वीकार्यता के रूप में देखा जा रहा है।

Contents
क्या है ‘गाजा पीस बोर्ड’?किन देशों और हस्तियों को मिला न्योता?भारत के लिए क्यों अहम है यह आमंत्रण?जमीनी हकीकत – शांति की राह कितनी मुश्किल?क्या बदलेगा गाजा का भविष्य?

Read More: बिना हथियारों के ईरान पर हमला कर रहा ट्रंप, फेक न्यूज और प्रोपेगंडा का कर रहा इस्तेमाल

क्या है ‘गाजा पीस बोर्ड’?

व्हाइट हाउस के अनुसार, ‘बोर्ड ऑफ पीस’ गाजा से जुड़े राजनीतिक, सुरक्षा और विकास से जुड़े मुद्दों पर रणनीतिक निगरानी रखेगा। इसका मुख्य उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय संसाधनों का समन्वय करना, पुनर्निर्माण की प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करना और संघर्ष से विकास की ओर संक्रमण को व्यवस्थित रूप से आगे बढ़ाना है।

अमेरिका की योजना केवल सलाहकारी बोर्ड तक सीमित नहीं है। इसके तहत एक अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल की तैनाती, गाजा में शासन, सुरक्षा और पुनर्निर्माण के लिए एक उच्च प्रतिनिधि (High Representative) की नियुक्ति जैसे कदम भी प्रस्तावित किए गए हैं।

Gaza Peace Board
Gaza Peace Board

किन देशों और हस्तियों को मिला न्योता?

गाजा पीस बोर्ड (Gaza Peace Board) को बहुपक्षीय स्वरूप देने के लिए अमेरिका ने दुनिया भर के प्रभावशाली देशों और प्रमुख हस्तियों को आमंत्रित किया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, जिन देशों के नेताओं को न्योता भेजा गया है, उनमें शामिल हैं-

  • भारत
  • तुर्किये
  • मिस्र
  • मोरक्को
  • ब्रिटेन
  • जर्मनी
  • कनाडा
  • अर्जेंटीना
  • ऑस्ट्रेलिया

इसके अलावा बोर्ड में कुछ प्रमुख वैश्विक चेहरों को भी शामिल किया गया है, जिनमें अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो, ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर, ट्रंप के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ, विश्व बैंक अध्यक्ष अजय बंगा,और ट्रंप के दामाद जेरेड कुशनर जैसे नाम शामिल बताए जा रहे हैं।

भारत के लिए क्यों अहम है यह आमंत्रण?

भारत लंबे समय से मध्य-पूर्व में संतुलित नीति अपनाता रहा है। एक ओर वह इजरायल के साथ रणनीतिक संबंध रखता है, वहीं दूसरी ओर फिलिस्तीन के मानवीय मुद्दों पर भी अपनी प्रतिबद्धता जताता रहा है। ऐसे में गाजा पीस बोर्ड (Gaza Peace Board) में भारत की संभावित भागीदारी भारत की ग्लोबल साउथ लीडर की छवि को मजबूत कर सकती है, मानवीय सहायता और पुनर्निर्माण में उसकी भूमिका बढ़ा सकती है और उसे मध्य-पूर्व की राजनीति में एक मध्यस्थ शक्ति के रूप में स्थापित कर सकती है।

Read More: इराक से वेनेजुएला तक… रूस समर्थक नेताओं का हुआ सियासी अंत, अमेरिका ने गिराई 7 सरकारें

जमीनी हकीकत – शांति की राह कितनी मुश्किल?

हालांकि इस पहल की घोषणा ऐसे समय में हुई है जब जमीन पर हालात पूरी तरह शांत नहीं हैं। हमास अब भी हथियार डालने से इनकार कर रहा है। अक्टूबर में हुए संघर्ष विराम के बाद बड़े पैमाने पर हिंसा में कमी जरूर आई है, लेकिन छिटपुट झड़पें, हवाई हमले और सुरक्षा को लेकर अनिश्चितता अब भी बनी हुई है। यही कारण है कि गाजा में स्थायी शांति की राह आसान नहीं मानी जा रही।

क्या बदलेगा गाजा का भविष्य?

ट्रंप प्रशासन की यह पहल अगर सफल होती है, तो गाजा केवल युद्धग्रस्त क्षेत्र नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय सहयोग से संचालित पुनर्निर्माण मॉडल बन सकता है। भारत जैसे देशों की भागीदारी इस प्रक्रिया को विश्वसनीयता और संतुलन प्रदान कर सकती है। अब सबकी निगाहें इस पर टिकी हैं कि भारत इस निमंत्रण को किस रूप में स्वीकार करता है और क्या यह बोर्ड वास्तव में गाजा (Gaza Peace Board) को संघर्ष से निकालकर शांति की ओर ले जाने में सफल हो पाएगा।

यह भी पढ़ें-  शरीर के 8 संकेत चीख-चीखकर बता रहे हैं कि किडनी मुसीबत में है, देरी की तो बढ़ सकता है कैंसर का खतरा

You Might Also Like

India US Energy Deal: भारत-अमेरिका ट्रेड डील का नया मोड़, रूसी तेल से दूरी! अमेरिकी निवेश की नई कहानी

Middle East Crisis: USS लिंकन पर मंडराया खतरा! अरब सागर में अमेरिकी एक्शन, ईरानी ड्रोन हवा में ढेर

Bangladesh Politics: चुनाव से पहले बैन, फिर भी असरदार! आवामी लीग कैसे बदलेगी बांग्लादेश का सियासी खेल?

Trump Tariff Cut on India: भारत-अमेरिका व्यापार संबंधों में नया मोड़, 25% से 18% हुआ टैरिफ, शेयर बाजार से लेकर ट्रेड डील तक दिखेगा बड़ा असर

International News: इंडिया गेट की तारीफ के बाद ट्रंप का बड़ा कदम, PM मोदी से फोन पर हुई खास बातचीत

TAGGED:Donald TrumpDonald Trump NewsGaza ConflictGaza Peace BoardGlobal SecurityIndia US RelationsInternational Diplomacyinternational news hindiIsrael Hamas WarMiddle East PeacePeace InitiativeWorld Politics
Share This Article
Facebook Twitter Email Print
Leave a comment

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
TwitterFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
PM Modi Visit Punjab
ताज़ा खबरेपंजाब

PM Modi Visit Punjab: पंजाब को हवाई कनेक्टिविटी और सामाजिक समरसता की सौगात, गुरु रविदास जयंती पर पीएम मोदी का जालंधर दौरा

Gajendra Singh Tanwar Gajendra Singh Tanwar 2026-02-01
Uttarakhand Weather: रातों-रात बदला मौसम का मिजाज, उत्तराखंड में बारिश, ओलावृष्टि और भारी बर्फबारी से जनजीवन अस्त-व्यस्त
India US Energy Deal: भारत-अमेरिका ट्रेड डील का नया मोड़, रूसी तेल से दूरी! अमेरिकी निवेश की नई कहानी
Union Budget 2026 Announcements: विकास की रफ्तार बढ़ाने वाला बजट, AIIMS से लेकर रेल कॉरिडोर तक, आत्मनिर्भर भारत का मेगा ब्लूप्रिंट
UP Weather: सर्दी में कोहरे का डबल कहर ! यूपी में IMD ने 15 जिलों में कोहरे का अलर्ट जारी
- Advertisement -
Ad imageAd image

Categories

  • ताज़ा खबरे
  • बॉलीवुड
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • धर्म कर्म
  • वायरल
  • बिज़नेस

About US

लोकहित क्रांति न्यूज़ एक निष्पक्ष, विश्वसनीय और जनहित को समर्पित डिजिटल समाचार मंच है। हमारा उद्देश्य देश–दुनिया की ताज़ा, सटीक और प्रमाणिक ख़बरें आप तक तेज़ी से पहुँचाना है।
Quick Link
  • About Us
  • Contact Us
  • Terms and Condition
  • DNPA Code of Ethics
Must Read
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Grievance Redressal Policy

Subscribe US

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Copyrights © Lokhit Kranti. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?