Ali Khamenei Funeral: ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की अंतिम विदाई को लेकर तेहरान में अभूतपूर्व अंतरराष्ट्रीय जुटान देखने को मिल रहा है। ईरान की राजधानी में आयोजित अंतिम संस्कार कार्यक्रम में दुनिया के कई देशों के शीर्ष नेता, राजनयिक और राजनीतिक प्रतिनिधि शामिल हो रहे हैं। ईरानी मीडिया के अनुसार, 100 से अधिक देशों के मेहमान इस ऐतिहासिक (Ali Khamenei Funeral)अवसर पर तेहरान पहुंचे हैं।
भारत की ओर से भी सरकारी प्रतिनिधियों, राजनीतिक नेताओं और धार्मिक प्रतिनिधियों ने कार्यक्रम में भाग लिया है। खामेनेई की अंतिम यात्रा को सिर्फ एक धार्मिक या राष्ट्रीय कार्यक्रम (Ali Khamenei Funeral) नहीं, बल्कि वैश्विक कूटनीतिक उपस्थिति के रूप में भी देखा जा रहा है, जहां कई देशों ने अपने प्रतिनिधि भेजकर श्रद्धांजलि अर्पित की।
भारत सरकार की ओर से कौन पहुंचा?
ईरान की ओर से भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी निमंत्रण भेजा गया था। हालांकि प्रधानमंत्री स्वयं कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए। उनकी जगह भारत सरकार ने बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन और विदेश राज्य मंत्री पबित्र मार्गेरिटा को आधिकारिक प्रतिनिधि के रूप में तेहरान भेजा। इन दोनों नेताओं ने भारत सरकार की ओर से खामेनेई को श्रद्धांजलि अर्पित की और अंतिम संस्कार कार्यक्रम (Ali Khamenei Funeral) में हिस्सा लिया।
New York News: 1454 फीट की ऊंचाई पर इश्क! प्रपोजल के बाद सीधे पुलिस की गिरफ्त में पहुंचा कपल
कांग्रेस और अन्य दलों की भागीदारी
ईरान ने भारत के विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं को भी आमंत्रित किया था। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को निमंत्रण मिला, लेकिन वे कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए। कांग्रेस की ओर से पूर्व विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद तेहरान पहुंचे। उन्होंने बताया कि वे कांग्रेस पार्टी और उसके नेतृत्व का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान (Ali Khamenei Funeral) उनकी तस्वीरें भी सामने आईं, जिनमें वे खामेनेई के ताबूत के सामने श्रद्धांजलि देते नजर आए।
महबूबा मुफ्ती भी पहुंचीं ईरान
जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री और पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती भी अंतिम संस्कार कार्यक्रम में शामिल हुईं। उनकी मौजूदगी ने भारतीय प्रतिनिधिमंडल को और चर्चा में ला दिया। इसके अलावा जम्मू-कश्मीर के शिया समुदाय से जुड़े कुछ प्रमुख धार्मिक नेताओं को भी निमंत्रण मिला था। हालांकि कुछ नामों के कार्यक्रम (Ali Khamenei Funeral) में शामिल होने को लेकर अलग-अलग दावे सामने आए हैं।
अरुणाचल में चीनी घुसपैठ के दावों पर सेना का जवाब, कहा- रिपोर्ट पूरी तरह निराधार
धर्मगुरुओं का विशेष प्रतिनिधिमंडल
भारत से एक बहुधार्मिक प्रतिनिधिमंडल भी ईरान पहुंचा। इस प्रतिनिधिमंडल में हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई समुदाय के धर्मगुरु शामिल थे। सभी ने मिलकर दिवंगत नेता के सम्मान में प्रार्थना और श्रद्धांजलि अर्पित की। यह प्रतिनिधिमंडल भारत की धार्मिक विविधता और अंतरधार्मिक (Ali Khamenei Funeral) सद्भाव का प्रतीक माना जा रहा है।
किन देशों ने भेजे अपने प्रतिनिधि?
ईरानी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, अंतिम संस्कार कार्यक्रम में रूस, चीन, पाकिस्तान, जॉर्जिया, क्यूबा, आर्मेनिया, इराक, ताजिकिस्तान, उज्बेकिस्तान और कतर सहित कई देशों के प्रतिनिधि पहुंचे हैं। पाकिस्तान की ओर से प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ, सेना प्रमुख आसिम मुनीर और गृह मंत्री मोहसिन नकवी की मौजूदगी चर्चा में रही। वहीं इराक, ताजिकिस्तान और आर्मेनिया के शीर्ष राजनीतिक प्रतिनिधियों ने भी (Ali Khamenei Funeral) श्रद्धांजलि दी। लेबनान, सीरिया, इराक और क्षेत्रीय प्रतिरोध समूहों से जुड़े कई प्रमुख नेताओं ने भी कार्यक्रम में भाग लिया।
Latest News Update Uttar Pradesh News, उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर
अंतिम संस्कार का विस्तृत कार्यक्रम
ईरान ने खामेनेई की अंतिम विदाई को कई चरणों में आयोजित करने का फैसला किया है। तेहरान में विदेशी प्रतिनिधियों द्वारा श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद आम जनता को भी अंतिम दर्शन का अवसर दिया जाएगा। इसके बाद विभिन्न शहरों में अंतिम यात्रा निकाली जाएगी और अंततः मशहद में उन्हें सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा। मशहद वही शहर है जहां उनका (Ali Khamenei Funeral) जन्म हुआ था।
वैश्विक राजनीति पर भी टिकी नजर
खामेनेई की अंतिम विदाई सिर्फ एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि वैश्विक राजनीतिक महत्व का कार्यक्रम बन गई है। बड़ी संख्या में विदेशी प्रतिनिधियों की मौजूदगी यह दर्शाती है कि ईरान इस अवसर को अंतरराष्ट्रीय कूटनीतिक संदेश के रूप में भी देख रहा है। दुनिया की नजर अब इस बात पर भी टिकी है कि इस आयोजन (Ali Khamenei Funeral) के बाद पश्चिम एशिया की राजनीति और ईरान के अंतरराष्ट्रीय संबंध किस दिशा में आगे बढ़ते हैं।
पढ़े ताजा अपडेट : Hindi News, Today Hindi News, Breaking




