टनल निर्माण क्षेत्र में हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार यह हादसा कल्लाडी टनल निर्माण परियोजना के पास हुआ। इलाके में चल रहे निर्माण कार्य के दौरान पहाड़ी पर जमा मलबा अचानक खिसक गया और तेज रफ्तार से नीचे आ गया। मलबे के कारण कई रास्ते अवरुद्ध हो गए और आसपास मौजूद लोग फंस गए। बताया जा रहा है कि निर्माण स्थल पर पिछले दिन से काम बंद था, लेकिन आसपास मौजूद कुछ लोग अचानक हुए भूस्खलन की चपेट (Wayanad Landslide) में आ गए। हादसे में कई वाहन और संरचनाएं भी प्रभावित हुई हैं।Contents
265 मिमी बारिश के बाद बिगड़े हालात
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार क्षेत्र में पिछले 24 घंटों के दौरान लगभग 265 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। लगातार बारिश के कारण पहाड़ियों की मिट्टी कमजोर हो गई थी, जिससे भूस्खलन का खतरा बढ़ गया। विशेषज्ञों का मानना है कि अत्यधिक वर्षा और पहाड़ी ढलानों पर दबाव बढ़ने (Wayanad Landslide) के कारण यह हादसा हुआ। प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक रूप से प्रभावित क्षेत्रों में न जाने की सलाह दी है।कई लोगों के फंसे होने की आशंका
केरल राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (KSDMA) के अनुसार अभी भी कई लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका है। प्रारंभिक रिपोर्टों के मुताबिक एक चर्च, एक चाय की दुकान और एक बस स्टॉप भी मलबे के नीचे दब गए हैं। घटना मीनाक्षी ब्रिज के पास हुई, जहां प्रस्तावित वायनाड-मलप्पुरम टनल रोड परियोजना का कार्य चल रहा था। स्थानीय लोगों के अनुसार भूस्खलन इतना तेज था कि लोगों को संभलने (Wayanad Landslide) तक का मौका नहीं मिला। Latest News Update Uttar Pradesh News, उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर
NDRF, पुलिस और रेस्क्यू टीमें मैदान में
हादसे के तुरंत बाद पुलिस, फायर एंड रेस्क्यू सर्विस, राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल और NDRF की टीमें मौके पर पहुंच गईं। राहतकर्मी मलबा हटाने और फंसे लोगों की तलाश में जुटे हुए हैं। रेस्क्यू ऑपरेशन को तेज करने के लिए भारी मशीनों और विशेष उपकरणों की मदद ली जा रही है। प्रशासन का कहना है कि हर संभावित (Wayanad Landslide) स्थान की जांच की जा रही है ताकि किसी भी व्यक्ति को सुरक्षित बाहर निकाला जा सके।
केंद्रीय मंत्री ने कहा- स्थिति नियंत्रण में
केंद्रीय राज्य मंत्री Suresh Gopi ने घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ‘मुझे लगता है कि अभी स्थिति पूरी तरह से राज्य सरकार के कंट्रोल में है. अगर उन्हें और फोर्स या एक्सपर्ट्स (Wayanad Landslide) की जरूरत होगी, तो वह निश्चित रूप से इसकी मांग करेंगे. यह कोई सर्विस नहीं, या मदद नहीं है. यह हमारी जिम्मेदारी है.’
पढ़े ताजा अपडेट : Hindi News, Today Hindi News, Breaking




