ITBP Jawan Mother Hand Cut Case: उत्तर प्रदेश के कानपुर से सामने आया ITBP Jawan Mother Hand Cut Case इन दिनों चर्चा का बड़ा विषय बना हुआ है। इस मामले में आईटीबीपी जवान विकास सिंह ने आरोप लगाया है कि अस्पताल की कथित लापरवाही के कारण उनकी मां निर्मला देवी को अपना हाथ गंवाना पड़ा। घटना ने स्वास्थ्य सेवाओं की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
अब इस मामले ने राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर भी हलचल पैदा कर दी है। उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने स्वयं मामले का संज्ञान लेते हुए जांच रिपोर्ट तलब की है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
डिप्टी सीएम बृजेश पाठक ने दिए जांच के आदेश
बुधवार को उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने कहा कि ITBP Jawan Mother Hand Cut Case की गंभीरता को देखते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. हरिदत्त नेमी से विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि मामले की व्यक्तिगत रूप से समीक्षा की जाएगी और यदि किसी स्तर पर लापरवाही पाई गई तो जिम्मेदार लोगों को बख्शा नहीं जाएगा।
डिप्टी सीएम के इस बयान के बाद स्वास्थ्य विभाग भी सक्रिय हो गया है और जांच प्रक्रिया को तेज करने की तैयारी की जा रही है।
Read : बुलंदशहर में मामला गर्म! मंदिर में नमाज़ पढ़ने पर तीन लोग हिरासत में
अस्पताल पर इलाज में लापरवाही का आरोप
जानकारी के अनुसार फतेहपुर जिले के खागा निवासी आईटीबीपी जवान विकास सिंह ने बताया कि उनकी मां निर्मला देवी को 13 मई को कृष्णा हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। इलाज के दौरान उनकी मां के दाएं हाथ में गंभीर सूजन आने लगी।
परिजनों का आरोप है कि समय रहते उचित उपचार नहीं मिलने के कारण स्थिति लगातार बिगड़ती गई। जब हालत ज्यादा खराब हो गई तो उन्हें दूसरे अस्पताल में शिफ्ट करने का निर्णय लिया गया।
यहीं से ITBP Jawan Mother Hand Cut Case ने एक गंभीर मोड़ ले लिया और मामला पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बन गया।
आखिर क्यों काटना पड़ा हाथ? (ITBP Jawan Mother Hand Cut Case)
विकास सिंह के अनुसार उनकी मां को बाद में पारस अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों ने स्थिति को अत्यंत गंभीर बताते हुए 17 मई को उनका हाथ काटने का फैसला लिया।
परिवार का दावा है कि यदि शुरुआती इलाज सही तरीके से किया जाता तो शायद यह नौबत नहीं आती। इसी आधार पर अस्पताल प्रशासन पर चिकित्सकीय लापरवाही के आरोप लगाए जा रहे हैं।
इस घटना के बाद पीड़ित परिवार ने न्याय की मांग करते हुए प्रशासन और पुलिस अधिकारियों से भी मुलाकात की।
Latest News Update Uttar Pradesh News, उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर
पुलिस जांच और हिस्टोपैथालॉजी रिपोर्ट का इंतजार
मामले को लेकर विकास सिंह ने पुलिस कमिश्नर से मुलाकात की थी। इसके बाद काटे गए हाथ को पुलिस के सुपुर्द किया गया। चार दिन पहले उस नमूने को हिस्टोपैथालॉजी जांच के लिए जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज भेजा गया।
हालांकि, बताया जा रहा है कि जिलाधिकारी स्तर पर जांच समिति का गठन नहीं होने के कारण अभी तक जांच प्रक्रिया पूरी तरह शुरू नहीं हो सकी है। ऐसे में ITBP Jawan Mother Hand Cut Case की सच्चाई सामने आने में अभी कुछ समय लग सकता है।
जांच रिपोर्ट पर टिकी सबकी नजर
फिलहाल ITBP Jawan Mother Hand Cut Case को लेकर स्वास्थ्य विभाग, प्रशासन और पुलिस सभी की नजर जांच रिपोर्ट पर है। यदि मेडिकल लापरवाही साबित होती है तो संबंधित अस्पताल और जिम्मेदार कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो सकती है।
यह मामला सिर्फ एक परिवार की पीड़ा नहीं बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं में जवाबदेही और मरीजों की सुरक्षा से जुड़ा बड़ा सवाल भी बन चुका है। अब सभी को जांच के निष्कर्षों का इंतजार है, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि आखिर इस दुखद घटना के लिए जिम्मेदार कौन है।
पढ़े ताजा अपडेट : Hindi News, Today Hindi News, Breaking




