By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
LokhitkrantiLokhitkrantiLokhitkranti
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Reading: Parliament Update: नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर सियासी संग्राम, मोदी के पत्र पर खरगे का तीखा जवाब
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
Font ResizerAa
LokhitkrantiLokhitkranti
Search
  • होम
  • मेरा शहर
    • गाजियाबाद
    • नोएडा
    • हापुड़
    • मुजफ्फरनगर
    • दिल्ली एनसीआर
  • राज्य
    • दिल्ली एनसीआर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • झारखंड
    • आंध्र प्रदेश
    • हिमाचल प्रदेश
    • हरियाणा
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • पंजाब
    • जम्मू-कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • ताज़ा खबरे
  • शिक्षा
  • ई पेपर
  • अन्य
    • खेल
    • बॉलीवुड
    • लाइफस्टाइल
    • टेक्नोलॉजी
    • जीडीए
    • हेल्थ
    • ट्रेंडिंग
    • वायरल
    • धर्म कर्म
    • बिज़नेस
    • ऑटोमोबाइल
    • जॉब
    • मनोरंजन
Have an existing account? Sign In
Follow US
Lokhitkranti > राष्ट्रीय > Parliament Update: नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर सियासी संग्राम, मोदी के पत्र पर खरगे का तीखा जवाब
राष्ट्रीय

Parliament Update: नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर सियासी संग्राम, मोदी के पत्र पर खरगे का तीखा जवाब

Lokhit Kranti
Last updated: 2026-04-12 3:28 pm
Lokhit Kranti Published 2026-04-12
Share
Women Reservation Bill India
SHARE

Women Reservation Bill India: देश की पॉलिटिक्स में एक बार फिर बड़ा राजनीतिक टकराव देखने को मिल रहा है। केंद्र सरकार ने नारी शक्ति वंदन एक्ट को लागू करने के लिए 16 से 18 अप्रैल तक पार्लियामेंट का स्पेशल सेशन बुलाया है। इस सेशन से पहले, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी पार्टियों के फ्लोर लीडर्स को लेटर लिखकर उनका सपोर्ट मांगा और उनसे चर्चा में हिस्सा लेने की अपील की।

Contents
Women Reservation Bill India: PM मोदी का लेटर – एकता की अपीलWomen Reservation Bill India: खड़गे का पलटवार – 30 महीने की देरी पर सवालWomen Reservation Bill India: परिसीमन सबसे बड़ा विवाद बन गया हैWomen Reservation Bill India: सर्वदलीय बैठक की मांगWomen Reservation Bill India: पॉलिटिकल फायदे के लिए सरकार पर आरोपWomen Reservation Bill India: सरकार के पिछले फैसलों पर भी उठे सवालWomen Reservation Bill India: BJP ने स्ट्रिक्ट व्हिप जारी कियाWomen Reservation Bill India: आगे क्या होगा?

हालांकि, इस मुद्दे ने राजनीतिक माहौल गरमा दिया है। कांग्रेस प्रेसिडेंट मल्लिकार्जुन खड़गे ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कई गंभीर सवाल उठाए हैं।

Women Reservation Bill India: PM मोदी का लेटर – एकता की अपील

प्रधानमंत्री मोदी ने अपने लेटर में 2023 का जिक्र करते हुए कहा कि जब पार्लियामेंट में बिल पास हुआ था, तो सभी पार्टियों ने एक साथ मिलकर इसका सपोर्ट किया था। उन्होंने विपक्ष से अपील की कि वे महिलाओं को मजबूत बनाने की दिशा में इस ऐतिहासिक कदम का सपोर्ट करें और चर्चा में एक्टिवली हिस्सा लें। यहीं से Women Reservation Bill India एक बार फिर नेशनल बहस का सेंटर बन गया है।

Read : हिंदू एकता की कमी बनी गुलामी की वजह? भागवत ने बताया RSS की स्थापना का सच

Women Reservation Bill India: खड़गे का पलटवार – 30 महीने की देरी पर सवाल

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने PM के लेटर का जवाब देते हुए कहा कि बिल सितंबर 2023 में सर्वसम्मति से पास हुआ था, लेकिन सरकार ने इसे तुरंत लागू नहीं किया।

खड़गे ने सवाल किया कि इस प्रोसेस में 30 महीने की देरी क्यों हुई और विपक्ष को भरोसे में लिए बिना स्पेशल सेशन क्यों बुलाया गया। उन्होंने साफ कहा कि अगर सरकार सच में इस मुद्दे को लेकर सीरियस होती, तो इसे पहले भी लागू किया जा सकता था।

Women Reservation Bill India: परिसीमन सबसे बड़ा विवाद बन गया है

इस पूरे विवाद में सबसे अहम मुद्दा परिसीमन बनकर उभरा है। खड़गे ने कहा कि डिलिमिटेशन पर साफ जानकारी के बिना इस कानून पर कोई मतलब की चर्चा मुमकिन नहीं है।

उन्होंने सरकार से यह भी पूछा कि परिसीमन कब किया जाएगा, इसका फॉर्मेट क्या होगा और राज्यों पर इसका क्या असर होगा। इन सवालों के साथ, विमेंस रिजर्वेशन बिल इंडिया अब सिर्फ विमेंस रिजर्वेशन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि देश के पॉलिटिकल बैलेंस और रिप्रेजेंटेशन से जुड़ा एक बड़ा मुद्दा बन गया है।

Women Reservation Bill India: सर्वदलीय बैठक की मांग

खड़गे ने सुझाव दिया कि जल्दबाजी में सेशन बुलाने के बजाय, सरकार को 29 अप्रैल के बाद एक ऑल-पार्टी मीटिंग करनी चाहिए। उनका कहना है कि चुनाव खत्म होने के बाद इस मुद्दे पर चर्चा होनी चाहिए, ताकि सभी पार्टियों की राय ली जा सके और संविधान में किए गए बदलावों पर अच्छी तरह से चर्चा हो सके। उनका मानना है कि इस तरह की प्रक्रिया से डेमोक्रेटिक सिस्टम मजबूत होगा और सभी पार्टियों को भरोसे में लेकर आगे बढ़ा जा सकेगा।

Latest News Update Uttar Pradesh News, उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर

Women Reservation Bill India: पॉलिटिकल फायदे के लिए सरकार पर आरोप

कांग्रेस ने सरकार पर इस मुद्दे का इस्तेमाल पॉलिटिकल फायदे के लिए करने का आरोप लगाया है। खड़गे ने कहा कि चुनाव के बीच में पार्लियामेंट सेशन बुलाना कई सवाल खड़े करता है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार महिला सशक्तिकरण के बजाय राजनीतिक फायदे पर ज्यादा ध्यान दे रही है। उनके बयान ने इस मुद्दे पर चल रही बहस को और हवा दे दी है।

Women Reservation Bill India: सरकार के पिछले फैसलों पर भी उठे सवाल

खड़गे ने सरकार के पिछले फैसलों का जिक्र करते हुए भरोसे की कमी जताई। उन्होंने नोटबंदी, GST, जनगणना और फाइनेंस कमीशन जैसे मुद्दों का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार का रिकॉर्ड भरोसा नहीं जगाता।

उन्होंने कहा कि यह मुद्दा सिर्फ केंद्र सरकार तक ही सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसका असर राज्यों पर भी बराबर पड़ेगा। इसलिए, इस मुद्दे पर फैसले लेते समय सभी राज्यों की राय लेना और आम सहमति बनाना जरूरी है।

उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि छोटे राज्यों की आवाज को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए, बल्कि उनकी चिंताओं और सुझावों को भी बराबर अहमियत दी जानी चाहिए।

Women Reservation Bill India: BJP ने स्ट्रिक्ट व्हिप जारी किया

इस बीच, भारतीय जनता पार्टी ने अपने MPs के लिए तीन लाइन का व्हिप जारी किया है। निर्देश पूरी तरह स्पष्ट हैं कि, सभी सांसदों की उपस्थिति अनिवार्य कर दी गई है और उन्हें तीनों दिन सदन में मौजूद रहना होगा। इस दौरान किसी भी प्रकार की छुट्टी की अनुमति नहीं होगी। इससे साफ जाहिर होता है कि सरकार इस सत्र को लेकर बेहद गंभीर है और किसी भी तरह की ढील देने के मूड में नहीं है।

Women Reservation Bill India: आगे क्या होगा?

अब सबकी नजरें इस स्पेशल सेशन पर हैं। क्या सरकार विपक्ष के सपोर्ट से इस कानून को लागू कर पाएगी, या यह मुद्दा एक बड़ा राजनीतिक झगड़ा बनेगा? Women Reservation Bill India आने वाले दिनों में देश की राजनीति का सबसे बड़ा मुद्दा बन सकता है।

पढ़े ताजा अपडेट:  Hindi News, Today Hindi News, Breaking News

You Might Also Like

PM Modi Australia Visit: भारत-ऑस्ट्रेलिया के बीच ऐतिहासिक रक्षा समझौता, बढ़ेगी सैन्य विमानों की तैनाती

PM Modi Australia Visit 2026: आतंकवाद, रक्षा और इकोनॉमी पर भारत-ऑस्ट्रेलिया की बड़ी सहमति, PM मोदी का बड़ा बयान

PM Modi Australia Visit: ‘भारत में निवेश का यही सही समय’… ऑस्ट्रेलिया के CEO फोरम से PM मोदी का ग्लोबल संदेश

PM Modi Australia Visit: ‘मां तुझे सलाम’ से लेकर ‘शिव तांडव’ तक… मेलबर्न में PM मोदी के स्वागत की भव्य तस्वीर

PM Modi Indonesia Visit: जकार्ता में PM मोदी के मुंह से गूंजा ‘कुछ कुछ होता है’, करण जौहर ने कहा- शुक्रिया

TAGGED:BJP WhipCongress vs BJPDelimitation IssueIndian Politics NewsKharge ResponseNari Shakti Vandan AdhiniyamParliament Update IndiaPM Modi LetterSpecial Parliament Session 2026Women Reservation Bill
Share This Article
Facebook Twitter Email Print
Leave a comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
TwitterFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News

E-Newspaper 09/07/2026

Lokhit Kranti Lokhit Kranti 2026-07-08
Uttarakhand Heavy Rain: हरिद्वार में बारिश बनी आफत, हाईवे पर धंसी पुलिया, जलभराव में फंसी बस और कारें, कई इलाकों में जनजीवन प्रभावित
High Court Verdict: बिना ठोस प्रमाण सरकारी अधिकारियों पर नहीं की जा सकती प्रतिकूल टिप्पणी
Kasganj SDM Mohammad Nasir ने पेश की मानवता की मिसाल, घायल महिला को सरकारी गाड़ी से पहुंचाया अस्पताल
UP School Closed: गाजियाबाद में नर्सरी से 12वीं तक सभी स्कूल बंद, भारी बारिश के बीच डीएम का बड़ा आदेश
- Advertisement -
Ad imageAd image

Categories

  • ताज़ा खबरे
  • बॉलीवुड
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • धर्म कर्म
  • वायरल
  • बिज़नेस

About US

लोकहित क्रांति न्यूज़ एक निष्पक्ष, विश्वसनीय और जनहित को समर्पित डिजिटल समाचार मंच है। हमारा उद्देश्य देश–दुनिया की ताज़ा, सटीक और प्रमाणिक ख़बरें आप तक तेज़ी से पहुँचाना है।
Quick Link
  • About Us
  • Terms and Condition
  • DNPA Code of Ethics
Must Read
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Grievance Redressal Policy

Follow Us

Copyrights © Lokhit Kranti. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?