Banke Bihari Temple: बसंत पंचमी के पावन अवसर पर वृंदावन स्थित ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर (Banke Bihari Temple) में भक्ति, परंपरा और विकास का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा। इस खास दिन ठाकुर बांकेबिहारी को भक्तों की ओर से 10 किलो वजनी चांदी की भव्य देहरी अर्पित की जाएगी। इसी दिन मंदिर परिसर में पारंपरिक रूप से होली उत्सव की विधिवत शुरुआत भी होगी, जो श्रद्धालुओं के लिए विशेष आध्यात्मिक आनंद लेकर आएगी।
बसंत पंचमी पर होगी चांदी की देहरी की स्थापना
मंदिर प्रबंधन के अनुसार, बसंत पंचमी की सुबह नई चांदी की देहरी का विधिवत पूजन किया जाएगा। इसके बाद उच्चाधिकार प्राप्त प्रबंधन समिति के सदस्यों की मौजूदगी में इसे मंदिर में स्थापित किया जाएगा। यह देहरी न केवल श्रद्धा का प्रतीक होगी, बल्कि मंदिर की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत को भी और भव्य रूप देगी।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सवा करोड़ का CSR सहयोग
ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर (Banke Bihari Temple) से जुड़े विभिन्न बैंकों ने श्रद्धालुओं की सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए अपने CSR फंड से कुल सवा करोड़ रुपये देने की घोषणा की है। समिति अध्यक्ष, सेवानिवृत्त न्यायाधीश अशोक कुमार ने बताया कि-
- Canara Bank जल्द ही 25 लाख रुपये जारी करेगा।
- State Bank of India और Punjab National Bank CSR फंड से 50-50 लाख रुपये देंगे।
इस धनराशि से मंदिर परिसर और आसपास श्रद्धालुओं के लिए कई अहम सुविधाएं विकसित की जाएंगी।

रेलिंग, प्रकाश और भीड़ नियंत्रण पर विशेष फोकस
श्रद्धालुओं की सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए मंदिर (Banke Bihari Temple) में रेलिंग व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। प्रबंधन समिति के अनुसार, यह कार्य जनवरी के अंत तक लगभग पूरा हो जाएगा, जिससे दर्शन व्यवस्था अधिक सुचारु और सुरक्षित होगी।
इसके साथ ही-
- मंदिर क्षेत्र में 200 नई लाइटें लगाई जा चुकी हैं।
- 170 अतिरिक्त लाइटें और लगाई जाएंगी, जिनमें से कई निधिवन मंदिर क्षेत्र के आसपास होंगी।
निधिवन क्षेत्र में सुविधाओं का विस्तार
नगर निगम के सहयोग से निधिवन मंदिर क्षेत्र में पेड़ों को पानी देने की समुचित व्यवस्था की जाएगी। साथ ही, ललिता कुंड की साफ-सफाई का कार्य भी कराया जाएगा। मंदिर के आसपास प्याऊ और जूताघर जैसी सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी, ताकि श्रद्धालुओं को किसी तरह की असुविधा न हो।
कोटा में 15 हेक्टेयर मंदिर भूमि का पता
बैठक में एक अहम जानकारी सामने आई कि राजस्थान के कोटा में ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर (Banke Bihari Temple) के नाम से 15 हेक्टेयर भूमि दर्ज है। जिलाधिकारी द्वारा गठित टीम ने मौके पर जाकर इसकी पुष्टि की है। अब इस भूमि के प्रबंधन और संरक्षण को लेकर आगे की रणनीति तैयार की जा रही है। साथ ही, निर्णय लिया गया है कि देश के अन्य राज्यों और शहरों में मंदिर के नाम से दर्ज संपत्तियों का भी विवरण जुटाने के लिए संबंधित राज्यों के मुख्य सचिवों से पत्राचार किया जाएगा।
IIT रुड़की की रिपोर्ट पर होगा आगे का काम
मंदिर भवन की संरचनात्मक स्थिति को लेकर IIT रुड़की के इंजीनियरों द्वारा की गई सर्वे रिपोर्ट बैठक में प्रस्तुत की गई। रिपोर्ट के अध्ययन के बाद आवश्यक मरम्मत और संरक्षण कार्यों को चरणबद्ध तरीके से अमल में लाया जाएगा। सर्दियां समाप्त होने के बाद गर्भगृह और मंदिर की दीवारों की सफाई, साथ ही चांदी से जुड़ी सजावटी सतहों की विशेष सफाई भी शुरू की जाएगी। बसंत पंचमी के दिन विशेष श्रृंगार, पारंपरिक भजन-कीर्तन और श्रद्धालुओं के लिए सुव्यवस्थित दर्शन व्यवस्था भी रहेगी, जिससे उत्सव और अधिक दिव्य बनेगा।



