चुनाव आयोग ने कांग्रेस के नेता राहुल गाँधी (Rahul Gandhi) की तरफ से कर्नाटक में मतदाता की सूची में गड़बड़ियों को लेकर चुनाव आयोग व उनके अधिकारियों के खिलाफ की गयी चेतावनी भरी टिप्पणियों पर पलटवार किया है और कहा है कि ऐसे झूठे और आधारहीन आरोप लगाने से उन्हें बचना चाहिए.
इस दौरान आयोग ने अपने कुछ तथ्य देते हुए ये कहा है कि कर्नाटक के लोकसभा चुनाव 2024 की जिस मतदाता की सूची को लेकर कांग्रेस पार्टी लगातार गड़बड़ी करने के आरोप लगा रही है, उसने लोक प्रतिनिधित्व कानून की धारा 24 के अंतर्गत दिए गए अधिकारों को उस वक्त इस्तेमाल क्यों नहीं किया, जिस वक्त उसे मतदाता सूची में गड़बड़ियों को लेकर जिला तथा मुख्य निर्वाचन अधिकारी के आगे अपील करनी थी. जो उनके पास एक वैध रूप से कानूनी उपाय था.
Rahul Gandhi: आधारहीन और धमकी भरे आरोप क्यों ?
हालांकि कांग्रेस (Rahul Gandhi) सहित किसी भी अन्य दल ने मतदाता सूची के पुनरीक्षण के समय गड़बड़ी होने को लेकर किसी भी तरह की कोई अपील नहीं की. चुनाव आयोग के प्रवक्ता ने बयान जारी किया और कहा कि आयोग यह सोचने पर मजबूर है कि अब आयोग और उनके अधिकारीयों के खिलाफ आखिर इस तरह से आधारहीन और धमकी भरे आरोप क्यों लगाए जा रहे है.

जबकि लोकसभा चुनाव के परिणाम आने के बाद से चुनाव प्रक्रिया को लेकर दायर की गई इन 10 याचिकाओं में से एक भी याचिका कांग्रेस सरकार के किसी भी हारे हुए प्रत्याशी की तरफ से दायर नहीं की गई है.
वहीं 2024 में हुए मतदाता सूची पुनरीक्षण का कर्नाटक के मुख्य निर्वचान पदाधिकारी ने एक्स पर पूरा ब्यौरा साझा करते हुए ये कहा है कि इस दौरान उन्हें किसी भी लोकसभा क्षेत्र से एक भी आपत्ति नहीं मिली है. साथ ही किसी भी राजनीतिक दल ने प्रतिनिधित्व कानून में मिले कानूनी उपाय का इस्तेमाल नहीं किया था.
लेखक – हिमानी बिष्ट