Ghaziabad News : ट्रैवल एजेंसी के साथ हुई धोखाधड़ी
कौशांबी से चौंकाने वाली खबर सामने आई हैं। जहा लोनी थानाक्षेत्र में स्थित एयर टूर एंड ट्रेवल एजेंसी की आईडी हैक कर ली गई । जिसके बाद सात लोगों को मुंबई, कोलकाता, बंगलुरु, वाराणसी, गोवा समेत कई अन्य शहरों की यात्रा करवाई गई।
Ghaziabad News : क्या हैं मामला ?
कश्मीर के बारामूला में स्थित ट्रेवल एजेंसी से धोखाधड़ी होने का मामला सामने आया हैं। जहा किसी हैकर ने एयर टूर एंड ट्रेवल एजेंसी की फ्लाइट टिकट बुकिंग यूनिक आईडी को हैक करके सात लोगों की टिकट बनाई। इन टिकटों पर सात लोगों ने मुंबई, कोलकाता, बंगलुरु, वाराणसी, गोवा समेत अन्य शहरों की यात्रा की। ट्रेवल एजेंसी मालिक अजय प्रकाश को जब आईडी हैक का पता चला तब उन्होंने छानबीन शुरू की । जिसके पश्चात उन्होंने मुख्यमंत्री पोर्टल से लेकर साइबर बेवसाइट पर शिकायत दर्ज करवाई । लेकिन इसके बाद भी किसी प्रकार की कारवाई नहीं हुई। दरअसल ये हैकिंग अक्तूबर 2024 में शुरु हुई और 15 जनवरी को शिकायत कौशांबी थाने में ट्रांसफर करवाई गई। जिसका मुकदमा पुलिस ने एक महीने बाद दर्ज किया।

Ghaziabad News : एकाउंट में पैसे न होने पर भी बुक कर दिए टिकट
ट्रेवल कंपनी के संचालक अजय प्रकाश ने बताया कि उनकी कंपनी के कार्यालय कई राज्यों में हैं। आठ अक्तूबर को उनकी एजेंसी की बुकिंग आईडी हैक की गई थी। इसके बाद अकासा एयर और स्पाइस जेट एयरलाइंस के पहले से बुक किए गए पांच टिकटों को रद्द किया गया। जिसके बाद सात कंफर्म टिकट बुक किए गए। यह टिकट मुंबई, वाराणसी, कोलकाता, पूणे, गोवा समेत अन्य शहरों की यात्रा के लिए थे। ट्रेवल एजेंसी मालिक अजय प्रकाश ने बताया कि टिकट बुक करने के लिए पहले आईडी में नकदी जमा करनी पड़ती है। जब आईडी हैक हुई तब उसमें रकम नहीं थी। इसलिए हैकर ने पहले उनकी बुक की गई टिकट रद्द की। जिसके रिफंड अमाउंट से नई टिकट बुक की गई ।
जब टिकट में लिखे गए ई-मेल एड्रेस और मोबाइल नंबर पर शक हुआ तो उन्होंने इसकी जांच शुरु की तब जाकर इस फर्जीवाड़े की पोल खुलकर सामने आई । बुक हुए सभी टिकट पर फर्जी मोबाइल नंबर और ई-मेल एड्रेस डाले गए थे। बताया जा रहा हैं कि छह अक्तूबर 2024 से शुरू हुआ यह अवैध टिकट बुकिंग का सिलसिला 19 नवंबर 2024 तक चला । जब उन्हें आईडी हैक होने का पता चला तो उन्होंने अपनी आईडी के पासवर्ड बदलकर ओटीपी सिस्टम को लागू कर दिया । इसके बाद आईडी की हैकिंग बंद हो सकी। लेकिन तब तक एजेंसी को करीब 60 हजार रुपये का नुकसान हो चुका था।



