Haryana Workers Wage Hike: हरियाणा में श्रमिकों के लिए बड़ी खुशखबरी (Haryana Workers Wage Hike) सामने आई है। बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल बड़ौली ने राज्य सरकार द्वारा श्रमिकों के वेतन में 35 प्रतिशत वृद्धि को ऐतिहासिक कदम बताते हुए इसे ‘नायाब तोहफा’ करार दिया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में लिया गया यह निर्णय श्रमिकों के कल्याण के प्रति सरकार की गंभीरता और संवेदनशीलता को दर्शाता है।
Read More: अब पैसे नहीं रोकेंगे IAS बनने का सपना, हरियाणा सरकार देगी 70 हजार तक आर्थिक मदद
सभी श्रेणियों के श्रमिकों को मिलेगा फायदा
सरकार ने यह वेतन वृद्धि अकुशल, अर्द्ध-कुशल, कुशल और उच्च कुशल सभी श्रेणियों के श्रमिकों के लिए लागू की है। नई वेतन (Haryana Workers Wage Hike) संरचना के अनुसार-
- अकुशल श्रमिकों का वेतन 11,274 रुपये से बढ़कर 15,220 रुपये
- अर्द्ध-कुशल श्रमिकों का वेतन 12,430 रुपये से बढ़कर 16,780 रुपये
- कुशल श्रमिकों का वेतन 13,704 रुपये से बढ़कर 18,500 रुपये
- उच्च कुशल श्रमिकों का वेतन 14,389 रुपये से बढ़कर 19,425 रुपये
यह नई दरें 1 अप्रैल 2026 से लागू होंगी, जिससे राज्य के 50 लाख से अधिक श्रमिकों को सीधा लाभ मिलने की संभावना है।
श्रमिक सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम
मोहन लाल बड़ौली ने कहा कि यह फैसला सिर्फ वेतन वृद्धि (Haryana Workers Wage Hike) तक सीमित नहीं है, बल्कि श्रमिक सशक्तिकरण की दिशा में एक मजबूत पहल है। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार लगातार ऐसे कदम उठा रही है, जिससे कामगारों को बेहतर जीवन स्तर और आर्थिक सुरक्षा मिल सके। उन्होंने यह भी दोहराया कि बीजेपी सरकार की प्राथमिकता गरीबों की सेवा, श्रमिकों का सम्मान और वंचित वर्ग का उत्थान है।
पढ़े ताजा अपडेट : Hindi News, Today Hindi News, Breaking
केंद्र और राज्य सरकार की संयुक्त पहल
प्रदेश अध्यक्ष ने केंद्र सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में मनरेगा के तहत काम के दिनों को 100 से बढ़ाकर 125 दिन किया गया है। साथ ही, भुगतान में देरी होने पर ब्याज सहित भुगतान का प्रावधान भी किया गया है। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार मिलकर श्रमिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए निरंतर प्रयास कर रही हैं।
अन्य फैसलों से भी मिला श्रमिकों को लाभ
बड़ौली ने बताया कि हरियाणा सरकार ने हाल ही में कई ऐसे फैसले लिए हैं, जिनसे कर्मचारियों और श्रमिकों को सीधा फायदा मिला है।
- 1 लाख 20 हजार कच्चे कर्मचारियों की नौकरी को सुरक्षित और स्थायी करने का निर्णय
- अग्निवीरों के लिए 20 प्रतिशत आरक्षण
- महिलाओं को राशन डिपो में 33 प्रतिशत आरक्षण
इन फैसलों को उन्होंने सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण बताया।
Latest News Update Uttar Pradesh News, उत्तराखंड की ताज़ा ख़बर
आर्थिक सुरक्षा के साथ सामाजिक सम्मान भी
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल आर्थिक सहायता देना नहीं, बल्कि श्रमिकों को सामाजिक सम्मान दिलाना भी है। श्रमिक वर्ग देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और उनकी प्रगति के बिना विकास संभव नहीं है। बड़ौली ने कहा कि सरकार पारदर्शिता के साथ श्रम सुधार लागू कर रही है, जिससे कामगारों को उनका अधिकार समय पर और सही तरीके से मिल सके।
भविष्य की रणनीति – मजबूत श्रमिक, मजबूत राज्य
उन्होंने यह भी कहा कि हरियाणा सरकार का लक्ष्य श्रमिकों को केवल वर्तमान में राहत देना नहीं, बल्कि उन्हें भविष्य के लिए मजबूत बनाना है। इसके लिए कौशल विकास, रोजगार के अवसर और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं पर लगातार काम किया जा रहा है। सरकार चाहती है कि राज्य का हर श्रमिक आत्मनिर्भर बने और देश के विकास में सक्रिय भूमिका निभाए।
श्रमिकों के लिए भरोसे का संदेश
हरियाणा में 35 प्रतिशत वेतन वृद्धि का यह फैसला लाखों श्रमिकों के लिए राहत और उम्मीद लेकर आया है। यह कदम न केवल उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत करेगा, बल्कि उनके जीवन स्तर में भी सुधार लाएगा। सरकार का यह निर्णय यह संदेश देता है कि श्रमिकों के हितों की रक्षा और उनके सशक्तिकरण के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। आने वाले समय में ऐसे और फैसले श्रमिक वर्ग को और अधिक मजबूती दे सकते हैं।
Also Read: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की समीक्षा बैठक, 1 लाख युवाओं को एआई प्रशिक्षण, 100 स्टार्टअप्स को मिलेगी मदद



